यात्रीगण कृप्या ध्यान दें, छठ पर्व से पहले रेलवे ने लिया ये फैसला
नई दिल्ली। उत्तर रेलवे ने स्टेशन पर भारी भीड़ को ध्यान में रखते हुए प्लेटफॉर्म टिकट की बिक्री पर रोक लगा दी है। हालांकि, रेलवे अधिकारियों ने यह स्पष्ट कर दिया है कि जो लोग बुजुर्ग, बीमार और बच्चों को छोड़ने स्टेशन जा रहे हैं, उन्हें प्लेटफ़ॉर्म टिकट दिया जाएगा। यह रोक आगामी 18 नवंबर तक प्रभावी रहेगी। इसके बाद पहले वाली व्यवस्था बहाल कर दी जाएगी। बता दें कि फेस्टिव सीजन को ध्यान में रखते हुए रेलवे स्टेशन पर लोगों की भारी भीड़ देखने को मिल रही है, जिसे ध्यान में रखते हुए उत्तर रेलवे ने यह फैसला किया है।
विशेषतौर पर यूपी-बिहार जाने वाली ट्रेनों में भीड़ कुछ ज्यादा ही देखने को मिल रही है, क्योंकि दीवाली, भाई दूज और छठ पूजा सरीखे त्योहारों में शामिल होने के लिए लोग बड़ी संख्या में अपने-अपने घरों की ओर रवाना होते हैं, जिसकी वजह से ट्रेनों में भारी भीड़ देखने को मिलती है। इतना ही नहीं, बीते दिनों छपरा रेलवे स्टेशन पर भीड़ की वजह से भगदड़ की स्थिति भी पैदा हो गई थी, जिस पर आरपीएफ अधिकारी भी रोक लगाने में नाकाम साबित हुए थे। इसके बाद जैसे-तैसे स्थिति को दुरूस्त किया गया।
उधर, फेस्टिव सीजन में रेलवे स्टेशनों पर होने वाली भीड़ को व्यवस्थित करने के मकसद से सभी तैयारियां दुरूस्त कर लीं गई हैं, जिसे जमीन पर भी उतार दिया गया है, लेकिन अभी-भी कई जगहों पर भीड़ बेकाबू होते हुए नजर आ रही है। वहीं, अभी इस तरह का फैसला महज उत्तर रेलवे की ओर से ही लिया गया है, लेकिन अब माना जा रहा है कि ऐसा फैसला अन्य रेलवे द्वारा भी लिया जा सकता है।
वहीं, फेस्टिव सीजन को ध्यान में रखते हुए रेलवे की ओर से 300 से ज्यादा स्पेशल ट्रेनें चलाने का फैसला किया गया था, लेकिन यह फैसला भी कारगर साबित नहीं हो पा रहा है। इसके अलावा कई यात्री तो यहां तक शिकायत करते हुए नजर आ रहे हैं कि टिकट कंफर्म होने के बावजूद भी उन्हें ट्रेन में टिकट नहीं मिल पा रही है, जिसकी वजह से यात्रियों को बेशुमार दुश्वारियों का सामना करना पड़ रहा है। बहरहाल, अब आगामी दिनों में रेलवे की ओर से क्या कुछ कदम उठाए जाते हैं। इस पर सभी की निगाहें टिकी रहेंगी।
