अबू आजमी को यूपी भेजो, हम उपचार कर देंगे…सपा को घेरते हुए योगी आदित्यनाथ का तीखा प्रहार
नई दिल्ली। अबू आजमी के द्वारा औरंगजेब की प्रशंसा किए जाने से ना सिर्फ महाराष्ट्र बल्कि यूपी समेत अन्य प्रदेशों में भी हंगामा मचा हुआ है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने आज यूपी विधानपरिषद में समाजवादी पार्टी को लपेटे में लेते हुए कहा कि औरंगजेब की प्रशंसा करने वाले को तुंरत पार्टी से निष्कासित किया जाना चाहिए था। लेकिन ऐसा नहीं किया गया क्यों कि समाजवादी पार्टी औरंगजेब को आदर्श मानती है। योगी बोले, अबू आजमी को यूपी भेज दो, ऐसे लोगों का उपचार करना हमें अच्छे से आता है।
योगी ने अखिलेश यादव से सवाल पूछते हुए कहा कि आखिर अबू आजमी जैसे नेताओं को समाजवादी पार्टी से क्यों नहीं निकालते? सीएम ने कहा कि क्या ऐसे व्यक्ति को भारत में रहने का अधिकार होना चाहिए, जो देश में रहते हुए देश के दुश्मन की प्रशंसा कर रहा हो और छत्रपति शिवाजी महाराज को अपामनित कर रहा हो। योगी बोले औरंगजेब हिंदुओं पर जजिया कर लगाता था, पता नहीं सपा की ऐसी क्या मजबूरी है जो अबू आजमी जैसे लोगों को पार्टी से बाहर नहीं करते। यूपी सीएम ने सपा को निशाने पर लेते हुए कहा कि एक तरफ तो आप लोग महाकुंभ की आलोचना करते हैं, उसे लेकर समाज में भ्रांति फैलाने का षडयंत्र रचते हैं और साथ ही औरंगजेब जैसे क्रूर शासक जिसने अपने पिता को जेल में कैद कर दिया था, हिंदुओं पर अत्याचार करते हुए ना जाने कितने ही मंदिरों को नष्ट किया था, उसकी प्रशंसा करते हैं। इस आचरण के क्या मायने निकाले जाएं।
अबू आजमी के निलंबन पर अखिलेश यादव की प्रतिक्रिया
दूसरी तरफ सपा मुखिया अखिलेश यादव ने सपा विधायक अबू आजमी के महाराष्ट्र विधानसभा से निलंबन पर प्रतिक्रिया व्यक्त की है। अखिलेश ने सोशल मीडिया पर लिखा है कि निलंबन का आधार यदि विचारधारा से प्रभावित होने लगेगा तो अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और परतंत्रता में क्या अंतर रह जाएगा। हमारे विधायक हों या सांसद उनकी बेख़ौफ़ दानिशमंदी बेमिसाल है। कुछ लोग अगर सोचते हैं कि ‘निलंबन’ से सच की ज़ुबान पर कोई लगाम लगा सकता है तो फिर ये उनकी नकारात्मक सोच का बचपना है।
