कांग्रेस की शेखूपुर प्रत्याशी फरहा नईम ने दिया इस्तीफा, मीडिया के सामने फूट-फूटकर रोईं, जिलाध्यक्ष पर लगाए गंभीर आरोप
नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर माहौल गर्माने लगा है। एक ओर जहां पार्टी नेताओं के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है तो वहीं दल-बदल का खेल भी शुरू हो गया है। जैसे-जैसे चुनाव की तारीखें नजदीक आ रही है वैसे ही कांग्रेस को एक के बाद एक झटके मिल रहे हैं। अब बदायूं में शेखूपुर विधानसभा सीट से कांग्रेस उम्मीदवार फराह नईम ने चुनाव लड़ने से मना कर दिया है। चुनाव लड़ने से इंकार करने के साथ ही उम्मीदवार फराह नईम ने पार्टी जिलाध्यक्ष ओंकार सिंह पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। नईम ने कहा कि जिला इकाई में महिलाएं सुरक्षित नहीं हैं।
मीडिया के सामने अपना दर्द बयां करते हुए कांग्रेस उम्मीदवार फराह नईम ने पार्टी जिलाध्यक्ष ओंकार सिंह पर कई गंभीर आरोप लगाए। नईम ने कहा कि जिला पार्टी अध्यक्ष द्वारा कथित अनुचित टिप्पणी के बाद वो ये इस्तीफा दे रही हैं। नईम ने कहा, ‘पार्टी जिलाध्यक्ष ओंकार सिंह ने कहा कि मुस्लिम महिलाओं को टिकट नहीं मिलना चाहिए और वो एक चरित्रहीन महिला हैं’।
2012 में शेखुपुर विधानसभा के लिए हुआ था पहला चुनाव
शेखुपुर विधानसभा क्षेत्र बदायूं जिले का एक हिस्सा है जो किआंवला (लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र) के पांच विधानसभा क्षेत्रों में से एक है। 2012 में इस विधानसभा क्षेत्र में पहला चुनाव हुआ था। साल 2008 में इस विधानसभा क्षेत्र का गठन किया हुआ था और 2012 के चुनाव में यहां से समाजवादी पार्टी के कद्दावर नेता पूर्व मंत्री बनवारी सिंह यादव के पुत्र आशीष यादव ने सपा के टिकट किस्मत आजमाई। इस चुनाव में आशीष यादव ने 68533 वोट से कांग्रेस के भगवान सिंह शाक्य को (8252) हराया और विधायक बने।
2017 में BJP को मिली सफलता
साल 2014 में मोदी लहर का असर इस सीट पर भी पड़ा। जिससे कभी नंबर छह पर रहने वाली भाजपा 2017 के चुनाव में पहले नंबर पर काबिज हो गई। 2017 के विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्जटी के उम्मीदवार धर्मेंद्र कुमार सिंह शाक्य ने 93702 वोट लाकर सपा के आशीष यादव को 23386 वोट के भारी अंतर से हराया। आशीष यादव को इस चुनाव में 70,316 मत हासिल हुए थे।
