एनआईए के हत्थे चढ़ा 5 लाख का इनामी खालिस्तानी आतंकी खानपुरिया, कनॉट प्लेस बम धमाकों में था हाथ
नई दिल्ली। बब्बर खालसा इंटरनेशनल और खालिस्तान लिबरेशन फोर्स के मोस्ट वांटेड आतंकी कुलविंदरजीत सिंह खानपुरिया गिरफ्तार कर लिया गया है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने खानपुरिया को दिल्ली के आईजीआई एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया। वो बैंकॉक से लौट रहा था। खानपुरिया की तलाश 2019 से ही चल रही थी।
खानपुरिया पर 90 के दशक में दिल्ली के कनॉट प्लेस में बम धमाकों, अन्य राज्यों में ग्रेनेड हमलों और पंजाब में कई हत्याओं का आरोप है। डेरा सच्चा सौदा के साथ पंजाब पुलिस और सुरक्षा प्रतिष्ठानों पर हमले की साजिश रचने का भी वो आरोपी है। वो भाखड़ा ब्यास प्रबंधन बोर्ड के अफसरों को भी निशाना बनाने में शामिल रहा है।
एनआईए के मुताबिक कुलविंदरजीत खानपुरिया ने अपने सहयोगियों के साथ भारत के अलावा दक्षिण-पूर्व के देशों में तमाम मीटिंग कर आतंकी हमलों की साजिश रची। वो भारत से भाग निकला था। पाकिस्तान में बैठे खालिस्तानी आतंकी लखबीर सिंह रोडे से भी उसका संपर्क था। भारत में खालिस्तानी आतंकवाद को एक बार फिर जिंदा करने में खानपुरिया जुटा हुआ था। जिसके लिए वो भारत में युवाओं का ब्रेनवॉश कर उनको हमलों के लिए तैयार भी कर रहा था।
पंजाब में एनआईए के कोर्ट ने कुलविंदरजीत खानपुरियों को घोषित अपराधी ठहराया था। उसके खिलाफ लुकआउट नोटिस और इंटरपोल का रेड कॉर्नर नोटिस भी जारी हुआ था। एनआईए ने खानपुरिया को जिंदा या मुर्दा पकड़ने पर 5 लाख का इनाम भी घोषित किया था। खानपुरिया की गिरफ्तारी से अब खालिस्तानी नेटवर्क के बारे में पुख्ता सूचना मिलने की उम्मीद है। बता दें कि पिछले कुछ महीनों से पंजाब में खालिस्तानी नेटवर्क एक बार फिर से सक्रिय हो रहा है। इसके अलावा कनाडा और अमेरिका में भी भारत विरोधी प्रचार में खालिस्तानी आतंकी सक्रिय दिख रहे हैं।
