June 29, 2026

Hind foucs news

hindi new update

इमरान खान को लगेगा एक और बड़ा झटका, PTI को बैन करने को लेकर पाकिस्तानी रक्षा मंत्री के बयान से बढ़ी टेंशन

इस्लामाबाद। पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और पीटीआई चीफ इमरान खान के दिन इन दिनों अच्छे नहीं चल रहे हैं। पहले उनके ऊपर एक के बाद एक कई केस लगे, फिर उनकी कोर्ट के परिसर से गिरफ्तारी हुई, उनकी गिरफ्तारी के विरोध में पूरे पाकिस्तान में दंगे भड़के। आर्मी के खिलाफ लोग सड़कों पर उतर आए, फिर जब सरकार को कुछ नहीं सूझा तो सुप्रीम कोर्ट के जज के खिलाफ ही प्रस्ताव लाने की बात कही। ये सब एक तरफ पाकिस्तान में चल रहा है तो सियासी रूप से सक्रिय इमरान खान ने एक बार फिर सरकार और आर्मी को लेकर हमला बोला है। इस बीच बड़ी खबर ये आ रही है कि अब पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री की पार्टी पीटीआई पर भी संकट के बादल मंडरा रहे हैं। पीटीआई का वजूद ही खत्म होने की कगार पर खड़ा है।

जानकारी के लिए आपको बता दें कि पाक सूत्रों के मुताबिक शाहबाज शरीफ की सरकार इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ पार्टी (पीटीआई) पर बैन लगाने के प्रयास में जुटी है। ये बैन उस बवाल को लेकर लगाया जा सकता है जो 9 मई को इमरान खान की गिरफ्तारी के बाद पीटीआई समर्थकों द्वारा देशभर में मचाया गया था। इस बवाल के दौरान आर्मी चीफ के घर पर भी तोड़फोड़ की गई थी। इसके आलावा देशभर में दंगों में कई लोगों की पूरे पाकिस्तान में जान चली गई थी। देश की संपत्ति को भी इस दौरान नुकसान बड़े पैमाने पर पहुंचाया गया था।

इमरान खान ने जताई थी पहले ही ऐसी आशंका

इस बारे में बातचीत करते हुए पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने बताया कि मौजूदा समय में इस बात पर सरकार द्वारा चर्चा और विचार विमर्श किया जा रहा है कि 9 मई को पीटीआई चीफ को अरेस्ट किए जाने पर जिन लोगों ने हिंसा और तोड़फोड़ की उनके ऊपर क्या कार्रवाई की जाए, जिससे उनको एक सबक मिले। इन सब बातों के बीच इमरान खान की पीटीआई के कई बड़े नेता पार्टी को धीरे धीरे अलविदा कहते जा रहे हैं। पार्टी छोड़ने वालों में हाल ही में पार्टी को छोड़ने वाले पीटीआई नेता मुहम्मद सलीम अख्तर भी शामिल हैं। वे पूर्व में इमरान खान की सरकार में सांसद थे। उन्होंने पीटीआई को छोड़ते हुए पाकिस्तान की सियासत के एक गलत दिशा में जाने की बात कही, इसके साथ ही उन्होंने ये भी कहा कि उनके पास इतना समय नहीं है कि वो इतनी घटिया सियासत में शामिल रहें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *