26/11 हमले की 15वीं बरसी से पहले इजराइल ने लश्कर-ए-तैयबा को घोषित किया आतंकी संगठन
नई दिल्ली। साल था 2008….तारीख थी 26 नवंबर….मायानगरी मुंबई में सभी अपने-अपने काम-धंधों में मशगूल थे…कोई अपनी शादी-ब्याह की तैयारियों में जुटा था, तो कोई अपने जन्मदिन के जलसे को खास बनाने की तरकीब खोजने की जद्दोजहद में था, लेकिन इस बीच पाकिस्तान के कराची शहर से समुद्र मार्ग का सहारा लेकर चंद दहशतगर्द मायानगरी मुंबई की सरमजीं पर दाखिल होते हैं और इसके बाद क्या बच्चे…क्या बुजुर्ग…क्या जवान…जो नजर में आता है, उन्हें ही गोलियों से भून देते हैं। इन आतंकियों ने पलक झपकते ही पूरी मायानगरी को खून से सन दिया। चौतरफा लाशों का ढेर बिछा दिया। जिहाद का चोगा ओढ़कर इन दहशतगर्दों ने रेलवे स्टेशनों से लेकर होटल, कल-कारखाना, किसी को भी नहीं बख्शा।
इन आतंकियों ने मुंबई के ताज होटल को भी निशाने पर लिया। होटल में दाखिल होते ही इन आतंकियों ने जो आतंक मचाया, उसे याद कर आज भी दिल सिहर जाता है। इस होटल में उस वक्त कुछ विदेशी सैलानी भी मौजूद थे, जिन्हें अपनी जान गंवानी पड़ी। उस दौरान ताज होटली में कुछ इजरायली नगारिक भी थे, जिसमें से कुछ तो अपनी जान बचाने में सफल रहे, लेकिन कुछ आतंकियों की गोलियों का शिकार हो गए।
आतंकियों ने पूरे मुंबई में हड़कंप मचा दिया था। हालांकि, बाद में सभी धर-दबोचे गए। पूछताछ में इन आतंकियों ने चौंकने वाला खुलासा किया। सभी आतंकी लश्कर ए तैयबा से थे। पूछताछ में खुलासा हुआ कि इन लोगों ने जिहाद के नाम पर मुंबई में ऐसा आतंक मचाया है। वहीं, मुंबई हमले को पूरे 11 साल हो गए। इस मौके पर इजराइल ने बड़ा कदम उठाते हुए लश्कर-ए-तैयबा को वैश्विक आतंकी घोषित कर दिया है। उधर, इजराइल ने इस संदर्भ में बयान भी जारी किया है। आइए, आगे आपको बताते हैं कि इजराइल ने क्या कुछ कहा है।
