April 24, 2026

Hind foucs news

hindi new update

मालदीव की हेकड़ी निकली, अब लगा रहा भारतीयों से पर्यटन के लिए आने की गुहार, मंत्री बोले- गर्मजोशी से करेंगे स्वागत

दुबई। भारत से दूरी और चीन से नजदीकी रिश्ते बनाने पर मालदीव के राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू का जोर है। मुइज्जू ने मालदीव में आम लोगों की मदद के लिए भेजे गए भारतीय सेना के जवानों को भी निकालने का फैसला किया। इसके बाद भारत और मालदीव में तनातनी बढ़ी और मुइज्जू सरकार के 3 मंत्रियों ने पीएम नरेंद्र मोदी के लिए अपमानजनक टिप्पणी की। इसके बाद सोशल मीडिया पर ‘बायकॉट मालदीव’ ट्रेंड हुआ और नतीजे में मालदीव से भारतीय पर्यटकों ने दूरी बनानी शुरू कर दी। इससे मालदीव की अर्थव्यवस्था को बड़ा झटका लगा है। नतीजे में मालदीव अब भारतीय पर्यटकों से गुहार लगा रहा है कि वे आएं, उनका स्वागत किया जाएगा।

मालदीव के पर्यटन मंत्री इब्राहिम फैसल ने न्यूज एजेंसी पीटीआई से खास बातचीत में भारतीयों से निवेदन किया कि वे उनके देश आएं। फैसल ने मालदीव की अर्थव्यवस्था में सहयोग करने का निवेदन किया। बता दें कि 2023 के मुकाबले 2024 के पहले 4 महीने में मालदीव जाने वाले भारतीय पर्यटकों की संख्या में 42 फीसदी की गिरावट आई है। पहले मालदीव जाने वाले पर्यटकों में पहला स्थान भारतीयों का था, लेकिन अब वहां जाने वाले भारतीय पर्यटकों की संख्या इतनी घटी है कि वो छठे स्थान पर पहुंच गई है। दरअसल, मालदीव के भारत विरोधी रुख और इस साल 6 जनवरी को पीएम मोदी की तरफ से अपने एक्स हैंडल पर लक्षद्वीप के फोटो और वीडियो साझा करने के बाद मालदीव के मंत्रियों ने उनका अपमान किया था। जिसके बाद से ही भारतीयों ने मालदीव जाना कम कर दिया।

मालदीव के पर्यटन मंत्री इब्राहिम फैसल ने इंटरव्यू में कहा कि उनके देश की नई चुनी हुई सरकार भारत के साथ मिलकर काम करना चाहती है। फैसल ने कहा कि मालदीव ने हमेशा दोस्ती वाले और शांति के वातावरण को बढ़ावा दिया है। मालदीव के पर्यटन मंत्री ने कहा कि उनकी सरकार और लोग भारतीय पर्यटकों का गर्मजोशी से स्वागत करेंगे। इब्राहिम फैसल ने भारतीयों से आग्रह किया कि वे मालदीव के पर्यटन का हिस्सा बनें, क्योंकि मालदीव की अर्थव्यवस्था पर्यटन पर ही निर्भर करती है। इससे पहले मालदीव के पर्यटन उद्योग से जुड़े लोगों की संस्था ने भी भारतीयों से आग्रह किया था कि वे पर्यटन करने पहुंचें। वहीं, मालदीव के विपक्षी नेताओं ने भारतीयों के कम पहुंचने पर चिंता जताते हुए राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू के भारत विरोधी रुख पर कड़ी प्रतिक्रिया दी थी।