गुटबाजी-भीतरघात-विश्वासघात, मक्कारी जिसकी फितरत…रोहिणी आचार्य का अब किस पर फूटा गुस्सा?
नई दिल्ली। बिहार में विधान परिषद चुनाव (एमएलसी) के लिए आरजेडी ने सुनील कुमार सिंह को उम्मीदवार बनाया है। इसको लेकर लालू यादव की बेटी रोहिणी आचार्य ने एक बार फिर आरजेडी को निशाने पर लिया है। हालांकि उन्होंने किसी व्यक्ति विशेष का नाम नहीं लिया मगर उनकी सोशल मीडिया पोस्ट से यह स्पष्ट है कि उनका निशाने सुनील कुमार सिंह पर है। रोहिणी आचार्य ने सवाल उठाते हुए कहा है क्या आरजेडी में समर्पित और निष्ठावान कार्यकर्ताओं, नेताओं की कमी हो गई है। उन्होंने आरजेडी में यादव, दलित, पिछड़े और वंचित समाज की अनदेखी किए जाने पर चिंता भी जताई है।
रोहिणी ने एक्स पर बिना किसी का नाम लिए लिखा, गुटबाजी-भीतरघात-विश्वासघात, मक्कारी जिसकी फितरत, विरोधियों से जिसकी मिलीभगत, नजदीकियों की बात बता कर उगाही और वसूली करना जिसका धंधा, जो अपनी झूठी धौंस जताने के लिए पार्टी कार्यालय में पार्टी के कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों को सामने बिठा कर बहन-बेटियों के बारे में ओछी-अमर्यादित बातें करता है उसको कैसे “उसके” ही द्वारा उम्मीदवार बना दिया गया। क्या समर्पित-निष्ठावान कार्यकर्ताओं-नेताओं का टोंटा पड़ गया है ? ऐसे ही लोगों की वजह से वर्षों से मजबूती के साथ खड़े कार्यकर्ताओं-समर्थकों में विक्षोभ – असंतोष भी है और ऐसे ही लोगों की वजह से हुआ नुकसान बीते वर्ष के नवंबर के महीने में दिख भी ही चुका है।
रोहिणी ने आगे लिखा, पार्टी की स्थापना के समय से लेकर आज तक पार्टी के साथ मजबूती से खड़े एक नहीं अनेकों समर्पित, सम्मानित, जमीन से जुड़े कट्टर लालूवादी अल्पसंख्यक चेहरे हैं, यादव, दलित, पिछड़े और वंचित समाज से आने वाले वरिष्ठ व युवा लोग हैं, ऐसे लोगों की अनदेखी गंभीर चिंता का विषय है और पार्टी हित में तो कतई नहीं है। रोहिणी यादव की प्रतिक्रिया ऐसे समय पर आई है जब सुनील सिंह ने आरजेडी एमएलसी प्रत्याशी के तौर पर आज ही अपना नामांकन दाखिल किया है।
