बीआरएस नेत्री के. कविता की न्यायिक हिरासत कोर्ट ने 3 जुलाई तक बढ़ाई
नई दिल्ली। दिल्ली शराब नीति घोटाला मामले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग केस में गिरफ्तार बीआरएस नेत्री के. कविता को राउज एवेन्यू कोर्ट से एक बार फिर झटका लगा है। अदालत ने के. कविता की न्यायिक हिरासत 3 जुलाई तक के लिए बढ़ा दी है। के. कविता की न्यायिक हिरासत की अवधि आज खत्म हो रही थी इसीलिए उनको कोर्ट में पेश किया गया। ईडी ने के. कविता को 15 मार्च को गिरफ्तार किया गया था तब से वो दिल्ली की तिहाड़ जेल में हैं।
ईडी ने के. कविता पर आरोप लगाया है कि कविता शराब कारोबारियों की लॉबी ‘साउथ ग्रुप’ से जुड़ी हुई थीं। इसी लॉबी के जरिए कविता ने आम आदमी पार्टी को 100 करोड़ बतौर रिश्वत दी थी इसमें से काफी पैसा गोवा के विधानसभा चुनाव में इस्तेमाल किया गया। इससे पहले 8 अप्रैल को राऊज एवेन्यू कोर्ट की विशेष न्यायाधीश कावेरी बावेजा ने कविता की जमानत याचिका को खारिज करते हुए कहा था कि अंतरिम जमानत देने का यह सही समय नहीं है। जज का कहना था कि कविता को ‘असुरक्षित’ महिला जिसे बलि का बकरा बनाया जा सके, नहीं कहा जा सकता। वह एक उच्च शिक्षित और समाज में बेहतर स्थान रखने वाली महिला हैं। प्रथम दृष्टया शराब नीति मामले में सबूतों को नष्ट करने के उनके प्रयास इस मामले में उनकी ‘सक्रिय भागीदारी’को दर्शाता है।
इसके बाद कविता की मुश्किलें 11 अप्रैल को और बढ़ गईं जब इसी मामले में सीबीआई ने कविता को पूछताछ के बाद ईडी की कस्टडी से गिरफ्तार कर लिया। इससे पहले सीबीआई ने दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट में प्रार्थना पत्र देकर कविता से पूछताछ की अनुमति मांगी थी। कोर्ट ने 5 अप्रैल को सीबीआई को इजाजत दी थी कि वो ईडी की हिरासत में के. कविता से पूछताछ कर सकती है। अदालत से मंजूरी मिलने के बाद सीबीआई अधिकारियों की एक टीम ने कविता से पूछताछ की।
