बांग्लादेश ने अब इस्कॉन से जुड़े 16 सदस्यों के बैंक खाते किए फ्रीज
नई दिल्ली। बांग्लादेश अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहा है। इस्कॉन के पुजारी चिन्मय कृष्ण दास प्रभु की गिरफ्तारी के बाद अब बांग्लादेश में इस्कॉन विरोधी एक और कदम उठाया गया है। बांग्लादेश फाइनेंशियल इंटेलिजेंस यूनिट ने इस्कॉन से जुड़े 16 सदस्यों के बैंक खाते फ्रीज कर दिए गए हैं। फ्रीज किए गए खातों में से एक खाता चिन्मय कृष्ण दास प्रभु का भी है। चिन्मय कृष्ण दास पर राजद्रोह के आरोपों के तहत कार्रवाई की जा रही है। इससे पहले सैकड़ों लोगों की भीड़ ने बांग्लादेश में तीन हिंदू मंदिरों को निशाना बनाया। मंदिर प्रबंधन के अनुसार, हमलावरों ने ईंट-पत्थर फेंककर मंदिरों को नुकसान पहुंचाया है।
आपको बता दें कि बांग्लादेश इस्कॉन को आतंकवादी संगठन घोषित कर उस पर प्रतिबंध लगाना चाहता है। हालांकि बांग्लादेश हाईकोर्ट ने इसी हफ्ते सुनवाई के दौरान इस्कॉन पर प्रतिबंध लगाने से फिलहाल इनकार कर दिया है। हाईकोर्ट ने सरकार की कार्रवाई से संतुष्टि जरूर जताई है। इस्कॉन के पुजारी चिन्मय कृष्ण दास दरअसल हिंदुओं पर हो रहे हमलों के विरोध में आवाज उठा रहे थे। उन्होंने हिंदुओं से एकजुट होने की अपील करते हुए एक रैली को भी संबोधित किया था उसी के बाद उनको बांग्लादेश की पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। चिन्मय कृष्ण की जमानत अर्जी भी कोर्ट खारिज कर चुका है।
बांग्लादेश में कट्टरपंथी आए दिन अल्पसंख्यकों खास तौर से हिंदुओं पर हमले कर रहे हैं। इतना ही नहीं हिंदुओं के धार्मिक स्थलों को भी निशाना बनाया जा रहा है। भारत ने कल ही बांग्लादेश के समक्ष आपत्ति दर्ज करते हुए अल्पसंख्यकों और हिंदुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने की उसकी जिम्मेदारी को याद दिलाया है। इससे पहले भी भारत हिंदुओं पर हमलों को लेकर चिंता व्यक्त कर चुका है। भारत में रह रहीं बांग्लादेश की पूर्व पीएम शेख हसीना ने भी चिन्मय कृष्ण दास की गिरफ्तारी का विरोध जताते हुए यूनुस सरकार पर निशाना साधा था।
