ईरान ने पाकिस्तान को सौंपा 10 सूत्रीय प्रस्ताव, अमेरिका माना तो होगी बातचीत, संवर्धित यूरेनियम न देने पर अड़ा इस्लामी देश
तेहरान/काहिरा। ईरान ने साफ कर दिया है कि वो पाकिस्तान में अमेरिका से फिलहाल दूसरे दौर की बातचीत नहीं करेगा। खबर ये है कि ईरान ने पाकिस्तान को फिर से 10 सूत्रीय प्रस्ताव भेजा है। पाकिस्तान अब ये प्रस्ताव अमेरिका को देगा। अगर अमेरिका राजी होता है, तो ईरान से दूसरे दौर की बातचीत हो सकती है। ईरान ने पहले भी अमेरिका को 10 सूत्रीय प्रस्ताव दिया था। उस वक्त व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने कहा था कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान का प्रस्ताव फाड़कर कूड़ेदान में डाल दिया है।
एक तरफ ईरान ने अमेरिका से बातचीत न करने की ठानी है, वहीं, मिस्र के काहिरा में ईरान के हितों को देखने वाले दफ्तर के अध्यक्ष मोजतबा फर्दोसीपुर ने एक न्यूज एजेंसी से कहा कि ट्रंप के दावे सही नहीं हैं और वो ईरान से बातचीत में रियायत हासिल करने के लिए मनगढ़ंत जीत का प्रचार कर रहे हैं। ईरान के प्रतिनिधि ने ये भी कहा कि उनका देश अमेरिका या किसी और देश को संवर्धित यूरेनियम नहीं सौंपेगा। फर्दोसीपुर ने कहा कि यूरेनियम सौंपने का फैसला ईरान ने नहीं किया है। फर्दोसीपुर ने अमेरिका पर ये आरोप भी लगाया कि होर्मुज तनाव के लिए वो ही जिम्मेदार है। उन्होंने कहा कि युद्ध से पहले होर्मुज खुला था। मौजूदा हालात अमेरिका की वजह से बने हैं।
ईरान के प्रतिनिधि मोजतबा फर्दोसीपुर ने कहा कि हम सिर्फ बातचीत के लिए बातचीत नहीं कर रहे। ईरान की सभी मांगें पूरी होनी चाहिए। बता दें कि ईरान कई मांगे कर रहा है। उसकी मांग है कि लेबनान पर इजरायल हमले न करे। ईरान की मांग है कि उसका परमाणु कार्यक्रम जारी रहने दिया जाए। ईरान ये मांग भी कर रहा है कि उसे युद्ध का हर्जाना मिले और होर्मुज पर उसका नियंत्रण माना जाए। साथ ही ईरान की ये मांग भी है कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय गारंटी दे कि फिर कभी अमेरिका और इजरायल उस पर हमला नहीं करेंगे। वहीं, ट्रंप का कहना है कि ईरान को परमाणु कार्यक्रम नहीं चलाने देंगे और होर्मुज अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग बना रहेगा।
