एकता से पहले ही विपक्ष में तकरार, संजय राउत का केसीआर पर निशाना, कांग्रेस के संजय निरुपम ने भी बोला था हमला
मुंबई। एक तरफ लोकसभा चुनाव के लिए मोदी और बीजेपी विरोधी दल एकता की बात कर रहे हैं। पटना में बैठक भी हो चुकी है। वहीं, इन विपक्षी दलों में तकरार भी जारी है। ताजा मामला तेलंगाना में सरकार चला रही बीआरएस और उसके नेता के. चंद्रशेखर राव यानी केसीआर का है। केसीआर दो दिन के महाराष्ट्र दौरे पर हैं। वो सोलापुर पहुंचे हैं। वहीं, महाराष्ट्र में केसीआर के दाखिल होने से उद्धव ठाकरे का शिवसेना गुट और कांग्रेस भड़के हुए हैं। उद्धव के खास और राज्यसभा सांसद संजय राउत इस मामले में मीडिया से कहा कि तेलंगाना के सीएम केसीआर का महाराष्ट्र की राजनीति पर कोई असर पड़ने वाला नहीं है।
संजय राउत ने कहा कि अगर केसीआर इसी तरह ड्रामा करते रहे, तो वो तेलंगाना भी खो देंगे। संजय राउत ने कहा कि तेलंगाना में चुनाव गंवाने के डर से केसीआर महाराष्ट्र आए हैं, लेकिन उनके 12-13 मंत्री और सांसदों ने सोमवार को कांग्रेस का दामन थाम लिया। संजय राउत के मुताबिक केसीआर और कांग्रेस के बीच जंग है। उन्होंने दावा किया कि महाराष्ट्र में महाविकास अघाड़ी (एमवीए) के बीच गठजोड़ मजबूत है।
इससे पहले सोमवार को कांग्रेस के नेता संजय निरुपम ने केसीआर पर हमला बोला था। संजय निरुपम ने मुलायम और लालू यादव का हवाला देते हुए कहा था कि केसीआर भले ही महाराष्ट्र आ गए हैं, लेकिन उनको याद रखना चाहिए कि मुलायम सिंह यादव को बिहार और लालू यादव को यूपी में कोई फायदा नहीं हुआ। संजय निरुपम ने अपने बयान में और भी कई बातें केसीआर के लिए कही थीं। इससे पहले केसीआर की पार्टी की तरफ से भी कांग्रेस पर हमला किया जाता रहा है। वहीं, ममता बनर्जी भी कह चुकी हैं कि वो विपक्ष की एकता चाहती हैं, लेकिन बंगाल में कांग्रेस और सीपीएम मिलकर बीजेपी की मदद कर रही हैं। ऐसे में विपक्षी दलों की ये तकरार उनकी एकता के दावों पर फिलहाल पानी फेरता दिख रहा है।
