दुनिया

कर्नाटक की झांकी को अनुमति नहीं मिलने पर केंद्र पर बरसे सिद्धारमैया, ‘यह सात करोड़ कन्नड़ भाषियों का अपमान’

शेयर करें:

कांग्रेस ने बृहस्पतिवार को आरोप लगाया कि केंद्र सरकार द्वारा कर्नाटक की झांकी को गणतंत्र दिवस परेड में शामिल करने की अनुमति इसलिए नहीं दी गई, क्योंकि मई 2023 में हुए विधानसभा चुनाव में मिली हार को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) तथा प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी भूल नहीं पाए हैं। पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने कटाक्ष करते हुए कहा कि यह ‘‘प्रतिशोध का मोदी मंत्र” है।

सात करोड़ कन्नड़ भाषियों का अपमान 
उन्होंने ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ‘‘यह प्रतिशोध का मोदी मंत्र है। मई 2023 में कर्नाटक विधानसभा चुनावों में उन्हें व्यक्तिगत रूप से और उनकी पार्टी को मिली करारी हार को उन्होंने न तो भुलाया है और न ही माफ किया है।” कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने मंगलवार को कहा था कि केंद्र सरकार ने 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस परेड में राज्य की झांकी को मौका नहीं देकर सात करोड़ कन्नड़ भाषियों का अपमान किया है।

केंद्र सरकार ने खारिज किए प्रस्ताव 
मुख्यमंत्री के मुताबिक, कर्नाटक से कई झांकियों के प्रस्ताव भेजे गए थे, लेकिन केंद्र सरकार ने सभी को खारिज कर दिया है। सिद्धारमैया ने आरोप लगाया था कि असल बात यह है कि राज्य में कांग्रेस की सत्ता है और ऐसा लगता है कि यह भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के लिए चिंता का विषय है। भाजपा की कर्नाटक इकाई के अध्यक्ष बी. वाई. विजयेंद्र ने बुधवार को कहा कि राज्य की कांग्रेस सरकार को इस मुद्दे के राजनीतिकरण की कोशिश करने के बजाय केंद्र से संपर्क करना चाहिए।

Ad Zone: in_content

NEWS SOURCE : punjabkesari

आगे क्या पढ़ें AI