लखनऊ में जेपी की जयंती पर सियासी घमासान, अखिलेश यादव ने घर के बाहर ही किया माल्यार्पण, बीजेपी पर साधा निशाना
नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में जननायक जयप्रकाश नारायण की जयंती पर सियासी माहौल गरमा गया है। समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव और उनके समर्थकों ने इस मौके पर विरोध प्रदर्शन किया। अखिलेश यादव ने अपने घर के बाहर जेपी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया, जबकि सपा कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। इस बीच, ज्वाइंट सीपी स्तर के दो आईपीएस अधिकारी अखिलेश से मिलने उनके घर पहुंचे। अखिलेश यादव के घर के बाहर जेपी की मूर्ति गाड़ी में लाकर रखी गई, जिसे अखिलेश ने माल्यार्पण किया। यादव जेपीएनआईसी जाने की जिद पर अड़े रहे, लेकिन सुरक्षा कारणों से उन्हें वहां जाने की अनुमति नहीं दी गई। लखनऊ में अखिलेश के घर के बाहर कार्यकर्ताओं की भारी भीड़ जमा हो गई और पुलिस ने बैरिकेडिंग लगा दी। इसके बाद अखिलेश ने अपने घर के बाहर ही माल्यार्पण कर दिया।
“सरकार रोकना चाहती है हमारी श्रद्धांजलि”
माल्यार्पण के बाद अखिलेश यादव ने कहा, “हम हर साल जयप्रकाश नारायण की जयंती मनाते हैं, लेकिन आज सरकार हमें रोक रही है। माल्यार्पण करने से क्यों रोका जा रहा है, यह समझ से बाहर है। बीजेपी सरकार हर अच्छे काम को रोक रही है। अगर हम सड़क पर खड़े होकर जेपी को श्रद्धांजलि दे रहे हैं, तो भी सरकार हमें रोकने की कोशिश कर रही है।”
सरकार पर साजिश का आरोप
अखिलेश यादव ने सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा, “जयप्रकाश नारायण के नाम पर बनी इमारत को ढका गया है क्योंकि सरकार उसे बेचना चाहती है। यह वही सरकार है जो म्यूजियम बेच रही है, तो ऐसे में उनसे और क्या उम्मीद की जा सकती है। समाजवादी पार्टी हर साल जेपी की जयंती मनाती रही है और आगे भी मनाती रहेगी। हम वहां जाकर भारत रत्न जयप्रकाश नारायण को सम्मान देंगे।”
नीतीश कुमार को बीजेपी से समर्थन वापस लेने की सलाह
अखिलेश यादव ने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को भी सलाह दी कि वे बीजेपी से समर्थन वापस लें। उन्होंने कहा, “नीतीश कुमार जेपी आंदोलन से निकले हैं, और आज जब समाजवादियों को जेपी की जयंती पर श्रद्धांजलि देने की अनुमति नहीं दी जा रही, तो यह सही समय है कि नीतीश कुमार बीजेपी से समर्थन वापस लें।”
“पिछली बार भी गेट कूदकर माला चढ़ानी पड़ी थी”
सपा नेता राम गोपाल यादव ने कहा कि पिछले साल भी उन्हें गेट कूदकर जेपी की प्रतिमा पर माला चढ़ानी पड़ी थी और इस बार भी प्रशासन ने पूरे घर को घेर लिया है। उन्होंने प्रशासन की इस हरकत को ‘छूत मानसिकता’ का उदाहरण बताया और इसे ‘घटिया’ बताया।
यूपी सरकार का पलटवार: “सपा को दंगे और उपद्रव की आदत”
यूपी सरकार के मंत्री जयवीर सिंह ने अखिलेश यादव और सपा कार्यकर्ताओं पर निशाना साधते हुए कहा कि सपा को दंगे और उपद्रव की आदत है। उन्होंने कहा, “एलडीए ने सुरक्षा कारणों से जेपीएनआईसी को सील किया है। सपा जबरन वहां जाने की कोशिश कर रही है। पिछले साल भी अखिलेश और उनके समर्थकों ने दीवार कूदकर इमारत को नुकसान पहुंचाया था।” मंत्री ने कहा, “अखिलेश यादव के कार्यकाल में ही जेपीएनआईसी का निर्माण हुआ था और 2017 के बाद वहां कोई काम नहीं हुआ। अगर भ्रष्टाचार का आरोप है, तो वह उनके कार्यकाल के दौरान हो सकता है।” जयवीर सिंह ने यह भी कहा कि श्रद्धांजलि कहीं से भी दी जा सकती है और यह जरूरी नहीं है कि एक बंद इमारत में जाकर ही सम्मान प्रकट किया जाए।
