पानीपत से पीएम मोदी करेंगे ‘बीमा सखी योजना’ की शुरुआत, 1 लाख महिलाएं होंगी सशक्त, जानिए क्या है योजना
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज हरियाणा के पानीपत से ‘बीमा सखी योजना’ की शुरुआत करेंगे। इस महत्वाकांक्षी योजना का उद्देश्य देशभर की 18-70 वर्ष की आयु वर्ग की 1 लाख महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। इस योजना के तहत महिलाओं को न केवल वित्तीय स्वतंत्रता का अवसर मिलेगा, बल्कि उनकी वित्तीय साक्षरता भी बढ़ेगी।
क्या है बीमा सखी योजना?
‘बीमा सखी योजना’ के अंतर्गत 10वीं पास महिलाओं को एलआईसी एजेंट के रूप में प्रशिक्षित किया जाएगा। उन्हें शुरुआती तीन वर्षों के लिए मासिक स्टाइफेन भी दिया जाएगा।
- पहले साल: ₹7,000 प्रति माह
- दूसरे साल: ₹6,000 प्रति माह
- तीसरे साल: ₹5,000 प्रति माह
योजना के तहत ग्रेजुएट महिलाओं को एलआईसी में डेवलपमेंट ऑफिसर बनने का अवसर भी मिलेगा।
100 करोड़ रुपये की शुरुआती फंडिंग
सरकार ने ‘बीमा सखी योजना’ के लिए ₹100 करोड़ की शुरुआती फंडिंग का प्रावधान किया है। इस योजना का उद्देश्य विशेष रूप से ग्रामीण महिलाओं को वित्तीय सशक्तिकरण प्रदान करना और रोजगार के सीमित विकल्प वाले क्षेत्रों में उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है।
3 वर्षों की विशेष ट्रेनिंग
महिलाओं को इस योजना के तहत तीन वर्षों तक विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा। यह प्रशिक्षण उन्हें वित्तीय प्रबंधन और बीमा एजेंसी के क्षेत्र में दक्ष बनाएगा।
प्रधानमंत्री देंगे नियुक्ति प्रमाण पत्र
कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भावी ‘बीमा सखियों’ को नियुक्ति प्रमाण पत्र भी वितरित करेंगे। यह योजना महिलाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने और उन्हें आत्मनिर्भर बनने की दिशा में एक बड़ा कदम है। ‘बीमा सखी योजना’ से ग्रामीण महिलाओं को रोजगार के बेहतर अवसर मिलेंगे और वे अपने परिवारों को आर्थिक रूप से मजबूत बना पाएंगी। यह योजना वित्तीय जागरूकता को भी बढ़ावा देगी, जो देश के विकास के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
