फरीदाबाद जेल में बंद आतंकी अब्दुल रहमान की हत्या, साथी कैदी ने सिर पर नुकीली चीज से किया हमला
नई दिल्ली। हरियाणा के फरीदाबाद की नीमका जेल में बंद आतंकी अब्दुल रहमान की हत्या कर दी गई है। जेल में बंद दूसरे कैदी अरुण चौधरी ने किसी नुकीली चीज से अब्दुल रहमान के सिर पर वार किया जिसमें उसकी मौत हो गई। अरुण चौधरी को कुछ दिन पहले ही जम्मू कश्मीर की जेल से नीमका जेल शिफ्ट किया गया था। बताया जा रहा है कि रविवार देर रात यह घटना हुई। आतंकी अब्दुल रहमान ने अयोध्या में हमला करने की साजिश रची थी। उसे 2 मार्च 2025 को हरियाणा के पलवल से गिरफ्तार किया गया था। उसके पास से दो हैंड ग्रेनेड और डेढ़ लाख नकद बरामद हुए थे।
अब्दुल रहमान मूल रूप से उत्तर प्रदेश के फैजाबाद का रहने वाला था और उसकी उम्र लगभग 20 साल थी। गुजरात एटीएस और हरियाणा एसटीएफ ने संयुक्त ऑपरेशन चलाकर अब्दुल रहमान को पकड़ा था। अब्दुल रहमान के साथ उसके साथी सूफियान को भी गिरफ्तार किया गया था। अब्दुल और सूफियान दोनों ही आईएसआई के आईएसकेपी (इस्लामिक स्टेट खुरासान मॉड्यूल) से जुड़े हुए थे। पूछताछ में इन्होंने अयोध्या में हमले की साजिश रचने की बात कबूल की थी। पुलिस को अब्दुल के मोबाइल फोन से कुछ वीडियो भी मिले थे जिसमें अयोध्या के राम मंदिर से जुड़ी कुछ जानकारियां थीं।
अब्दुल रहमान ने पहले सोशल मीडिया पर भड़काऊ वीडियो डालने शुरू किए जिसके बाद वो आतंकी सूफियान की नजर में आया और उसने उससे संपर्क साधा। इसके बाद अब्दुल रहमान को आतंक की ऑनलाइन ट्रेनिंग दी गई। जेल प्रशासन ने अब्दुल रहमान के शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया है। फिलहाल यह पता नहीं चल सका है कि क्या कैदी अरुण चौधरी का अब्दुल रहमान के साथ कोई विवाद हुआ था या उनकी कोई पुरानी रंजिश थी जो अरुण ने अब्दुल की हत्या कर दी। जेल प्रशासन मामले की जांच कर रहा है।
