April 25, 2026

Hind foucs news

hindi new update

साल 2050 तक भारत में 44 करोड़ लोगों में मोटापे का खतरा

नई दिल्ली। फरवरी के मन की बात कार्यक्रम में पीएम नरेंद्र मोदी ने लोगों में बढ़ रहे मोटापे पर चिंता जताई थी। एक दिन बाद ही उन्होंने 10 नामचीन लोगों की टीम बनाकर लोगों को मोटापे के प्रति जागरूक करने की जिम्मेदारी सौंपी थी। अब ‘द लैंसेट’ नाम की वैज्ञानिक पत्रिका में मोटापे पर एक विश्लेषण छपा है। इस विश्लेषण के मुताबिक साल 2050 तक भारत में 44 करोड़ लोगों के मोटापे से ग्रस्त होने की आशंका जताई गई है। द लैंसेट में जो विश्लेषण छपा है, उसे अंतरराष्ट्रीय शोधकर्ताओं ने लिखा है। शोधकर्ताओं के मुताबिक इस सदी के मध्य तक भारत में 21.8 करोड़ रुपए और 23.10 करोड़ महिलाओं में मोटापा हो सकता है। जबकि, चीन मोटापे के मामले में नंबर एक पर रहेगा। मोटे लोगों के मामले में अमेरिका तीसरे, ब्राजील चौथे और नाइजीरिया पांचवें स्थान पर होगा।

अंतरराष्ट्रीय शोधकर्ताओं की जिस टीम ने मोटापे के बारे में शोध किया, उसमें भारत की आईसीएमआर के भी सदस्य थे। ग्लोबल बर्डन ऑफ डिजीज यानी जीबीडी के लिए ये अध्ययन किया गया। इस शोध से पता चला कि दुनिया के 1 अरब पुरुष और 25 साल या उससे ज्यादा उम्र की 1 अरब से ज्यादा महिलाएं 2021 में मोटापे से ग्रस्त थे। ये संख्या दुनिया की लगभग आधी है। जबकि भारत में 80.1 लाख पुरुष और 90.8 लाख महिलाओं में मोटापा पाया गया। शोध करने वाली टीम के मुताबिक साल 2050 तक मोटे लोगों की संख्या 3.8 अरब तक बढ़ सकती है। इनमें 1.9 अरब महिलाएं और 1.8 अरब पुरुष होंगे। ये संख्या दुनिया की उस वक्त की आबादी की आधी से ज्यादा होगी।

शोधकर्ताओं का अनुमान है कि भारत में 5 से 14 साल की उम्र के लगभग 16 लाख बालक और 14  लाख से ज्यादा बालिकाएं 2050 तक मोटापे से ग्रस्त होंगे। वहीं, भारत में मोटे लोगों की संख्या में काफी इजाफा होगा। इस शोध का समन्वय करने वाले वाशिंगटन यूनिवर्सिटी के इंस्टीट्यूट फॉर हेल्थ मैट्रिक्स एंड इवैल्यूएशन के प्रमुख और विश्लेषण लिखने वाली प्रमुख लेखक इमैनुएला गाकिदौ के मुताबिक मोटापे की बीमारी अभूतपूर्व, गहरी त्रासदी और सामाजिक विफलता है। मोटापे का सामना कर रहे लोगों को तुरंत उपचार की जरूरत होती है। बता दें कि मोटापे से दिल की बीमारी, लीवर की गड़बड़ी और डायबिटीज यानी शुगर की बीमारी के अलावा तनाव भी होता है। ये सभी बीमारियां जीवन के लिए खतरा बनती हैं।