पीएम मोदी ने हथकरघा दिवस पर स्वदेशी आंदोलन की याद दिलाते हुए देशवासियों से की विशेष अपील
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज, राष्ट्रीय हथकरघा दिवस पर हमारी परंपराओं को संजोए रखने और समृद्ध करने के लिए बुनकरों और कारीगरों की प्रशंसा की है। इसके साथ ही मोदी ने स्वदेशी आंदोलन की याद दिलाते हुए देशवासियों से एक विशेष अपील भी की है। मोदी बोले, जैसे फ्रेंडशिप डे मनाया था वैसे ही हैंडलूम डे भी मनाना है ताकि हर बुनकर परिवार जो अपने हाथों से हमारे लिए चीजों को बुनते हैं उनको आर्थिक रूप से समृद्ध बनाया जा सके।
मोदी ने ‘X’ पर अपना एक वीडियो शेयर करते हुए कहा कि 1905, 7 अगस्त का दिन हमें भूलना नहीं है। 7 अगस्त 1905 को देश की आजादी के लिए स्वदेशी आंदोलन का प्रारंभ हुआ था और आत्मनिर्भर भारत की नींव डाली गई थी। अंग्रेजों के खिलाफ देशवासियों ने बहुत बड़ी लड़ाई लड़ी थी। जन-जन जुड़ गया था। अभी पिछले सप्ताह आप सबने फ्रेंडशिप डे मनाया है और अब 7 अगस्त को उतने ही उत्साह और उमंग के साथ नेशनल हैंडलूम डे मनाना है। हर गरीब परिवार, बुनकर परिवार को आर्थिक रूप से समृद्ध करने के लिए हम स्वयं हैंडलूम से कुछ न कुछ खरीदें और उसका वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर प्रसारित करें। ताकि हमारे बुनकर भाई-बहनों के सामर्थ्य का परिचय दुनिया को भी हो।
प्रधानमंत्री ने एक अन्य ट्वीट में लिखा, आज, हम भारत की समृद्ध और जीवंत हथकरघा विरासत का जश्न मना रहे हैं। हम अपने बुनकरों और कारीगरों के कौशल, रचनात्मकता और समर्पण को भी सलाम करते हैं। पीढ़ियों से, उन्होंने हमारी परंपराओं को संजोया और समृद्ध किया है। हमारी सरकार हथकरघा क्षेत्र का समर्थन करना जारी रखेगी, जो ग्रामीण सशक्तिकरण, महिलाओं के नेतृत्व वाले विकास और आत्मनिर्भर भारत के सपने को पूरा करने का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है। मोदी ने अपील की कि नेशनल हैंडलूम डे का उपयोग करते हुए हम अपने पसंदीदा हथकरघा उत्पादों और GRWM (Get Ready With Me) वीडियो को सोशल मीडिया पर जरूर शेयर करें, जिससे इस क्षेत्र से जुड़े लोगों का उत्साह बढ़ेगा।
