नंदीग्राम के बाद रेजिनगर से भी ममता बनर्जी की पार्टी के उम्मीदवार ने नामांकन वापस लिया
नई दिल्ली। ममता बनर्जी को लगातार झटके पर झटके मिल रहे हैं। नंदीग्राम के बाद अब रेजिनगर सीट से ममता की पार्टी के उम्मीदवार रबीउल आलम चौधरी चुनाव से पीछे हट गए हैं। रबीउल आलम चौधरी ने अपना नामांकन वापस ले लिया है। इससे पहले कल यानी शुक्रवार को नंदीग्राम से ममता की पार्टी की कैंडिडेट संचिता प्रधान डे ने मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से मुलाकात के बाद अपना नाम वापस ले लिया था। इस तरह से अब ममता बनर्जी की पार्टी दोनों विधानसभा सीटों पर होने वाले उपचुनाव से बाहर हो गई है।
नंदीग्राम सीट से संचिता प्रधान डे के चुनाव से पीछे हटने के बाद ममता बनर्जी ने कांग्रेस प्रत्याशी मिलन प्रधान को समर्थन करने की घोषणा की थी। इसके कुछ घंटों बाद ही मिलन प्रधान को हत्या से जुड़े एक पुराने में गिरफ्तार कर लिया गया था। कांग्रेस और ममता बनर्जी की पार्टी की तरफ से मिलन प्रधान की गिरफ्तारी को लेकर सवाल उठाए गए। नंदीग्राम और रेजिनगर दोनों विधानसभा सीटों पर होने वाले उपचुनाव के लिए 6 अक्टूबर को वोटिंग होनी है। जबकि 9 अक्टूबर को मतगणना के बाद रिजल्ट घोषित किया जाएगा। नामांकन पत्र दाखिल करने की अंतिम तिथि 16 सितंबर थी जो निकल चुकी है।
ममता बनर्जी और टीएमसी के बागी गुट को कल ही चुनाव आयोग ने अलग-अलग नाम और सिंबल आवंटित किए थे। ममता बनर्जी की पार्टी को ‘ममता ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ नाम और फुटबॉल खिलाड़ी सिंबल मिला है। वहीं टीएमसी के बागी गुट को ‘डेमोक्रेटिक तृणमूल कांग्रेस’ नाम और ‘लिफाफा’ चुनाव चिह्न आवंटित किया गया है। चुनाव आयोग ने ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस नाम और ‘घास पर दो फूल’ सिंबल को अस्थाई तौर पर फ्रीज कर दिया है। वहीं ममता बनर्जी ने चुनाव आयोग के इस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है। ममता बनर्जी की याचिका पर संभवत: 21 सितंबर, सोमवार को सुनवाई हो सकती है।
