Aadhaar से वोटर कार्ड को जोड़ने का ओवैसी ने किया विरोध, यूजर्स बोले…
नई दिल्ली। ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन यानी AIMIM प्रमुख और हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी अक्सर केंद्र की मोदी सरकार पर निशाना साधने का कोई मौका नहीं छोड़ते हैं। हाल ही में असदुद्दीन ओवैसी ने केंद्रीय कैबिनेट द्वारा लड़कियों की शादी की उम्र 18 से बढ़ाकर 21 करने के फैसले पर विरोध जताया। ओवैसी ने तर्क दिया कि जब 18 साल की लड़की वोट देकर मुख्यमंत्री या प्रधानमंत्री बना चुन सकती है तो विवाह क्यों नहीं कर सकती है। इसी बीच एक बार फिर ओवैसी ने लोगों के आधार कार्ड और वोटर आईडी कार्ड को जोड़ने वाले बिल पर आपत्ति जताई है। ओवैसी ने लोकसभा में नोटिस देकर नए इलेक्शन लॉ (संशोधन) बिल 2021 पर कड़ा ऐतराज जताया है। असदुद्दीन ओवैसी ने एक बार फिर सोशल मीडिया के जरिए अपना विरोध जताया है।
आपको बता दें कि इस बिल को सोमवार को संसद के शीतकालीन सत्र में पेश किया जाना है। लेकिन इससे पहले हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने इसको लेकर अपना विरोध जताया। वहीं आधार कार्ड और वोटर आईडी कार्ड से जोड़ने का विरोध करने पर ओवैसी सोशल मीडिया पर लोगों के निशाने पर आ गए। लोगों ने मोदी सरकार के इस फैसले का समर्थन करते हुए असदुद्दीन ओवैसी को जमकर लताड़ लगाई। शिव नाम के एक यूजर ने ओवैसी पर तंज कसते हुए लिखा, कागज तो दिखाने ही पड़ेंगे चाहे जितना जोर लगा लो।
एक यूजर ने लिखा, रोहिग्या बांग्लादेशी वोट नहीं मिलेगे। एक अन्य यूजर ने सरकार के फैसले का समर्थन करते हुए लिखा, वोटर कार्ड को आधार से लिंक करना अच्छा है। इससे फर्जी वोटिंग और जिन लोगों ने अपने गांव और शहरों में दो-दो वोटर कार्ड बना रखे हैं उनको रोका जा सकेगा। इस योजना विरोध क्यों कर रहे हो?
बता दें कि ओवैसी ने सोशल मीडिया पर विरोध जताते हुए एक चिट्ठी लिखी। इसमें उन्होंने लिखा है कि आधार कार्ड और वोटर आईडी कार्ड को जोड़ने से कई नुकसान हैं, जिसमें नागरिकों की सुरक्षा और निजता को खतरा है। इसके साथ ही ओवैसी ने दावा किया गया है कि इससे सीक्रेट बैलेट, फ्री और फेयर इलेक्शन में बाधा पैदा होगी।
