महाराष्ट्र ATS की चार्जशीट में PFI पर बड़ा खुलासा, 2047 तक भारत को इस्लामिक स्टेट चाहते थे बनाना
नई दिल्ली। देश के प्रतिबंधित संगठन पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI) मामले में महाराष्ट्र एटीएस (ATS) की चार्जशीट से बहुत बड़ा खुलासा हुआ है। ATS के मुताबिक, पीएफआई भारत को बड़ा नुकसान पहुंचाने की प्लानिंग करने में जुटे हुए थे। साथ ही चार्जशीट के जरिए यह भी खुलासा हुआ है कि महाराष्ट्र में पीएफआई साजिश रच रही थी। पीएफआई की गतिविधियां सरकार के खिलाफ थी एटीएस की चार्जशीट के अनुसार, इन लोगों का मकसद था कि भारत को 2047 तक इस्लामिक स्टेट की स्थापना करना चाहते थे। एजेंसी के मुताबिक, आरएसएस जैसे हिंदू संगठन को बदनाम करने की कोशिश थी। हिंसा के लिए पीएफआई कैडर का इस्तेमाल करना चाहते थे। इसके अलावा PFI के लोगों कई जगहों पर सीक्रेट मीटिंग भी की थी। इन लोगों ने चेंबूर, धारावी, ठाणे, पनवेल, म्रुंबा, कुर्ला में सीक्रेट मीटिंग भी की थी।
आपको बता दें कि बीते साल 2022 सितंबर में PFI के पांच सदस्यों को एटीएस ने धर दबोचा था। अब सभी के खिलाफ चार्जशीट की है। इसके अलावा महाराष्ट्र एटीएस ने चार्जशीट में पीएफआई की एक किताब का भी जिक्र किया है। पुस्तक का नाम 365 days: Through a Thousand Cuts है। जिसमें कई चौंकाने वाले खुलासा किया गया है। किताब साध्वी निरंजन ज्योति, केंद्रीय मंत्री गिरिराज सिंह, उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ समेत कई हिंदू नेताओं का भी जिक्र किया गया है। इन सभी नेताओं पर मुस्लिम नौजवानों का ब्रेन व्रॉश करके हिंदुओं के खिलाफ भड़काने का काम कर रहे है।
इसके अलावा एटीएस की चार्जशीट के मुताबिक, पीएफआई के सदस्य अपने टारगेट को पूरा करने के लिए दूसरे विदेशी मुल्कों और संगठनों की सहायता से हथियार और गोला-बारूद मुहैया करने की प्लानिंग भी की थी। किताब में साल 2002 में हुए गुजरात दंगों का भी उल्लेख किया है। जब राज्य के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी थे।
