हेमंत सोरेन को चुनाव प्रचार के लिए नहीं मिली अंतरिम जमानत, 21 मई को होगी अगली सुनवाई
नई दिल्ली। झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को सुप्रीम कोर्ट से आज फिर झटका लगा है। शीर्ष अदालत ने हेमंत की अंतरिम जमानत याचिका पर तत्काल सुनवाई से इनकार कर दिया। कोर्ट ने ईडी को सोमवार तक लिखित जवाब दाखिल करने का आदेश दिया है। अब मामले पर मंगलवार यानी 21 मई को सुनवाई होगी। हेमंत सोरेन ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को चुनाव प्रचार के लिए मिली अंतरिम जमानत का हवाला देते हुए जमानत मांगी है। आपको बता दें कि झारखंड में एक दौर का मतदान हो चुका है और अब 20 मई, 25 मई और 1 जून को मतदान होना है।
कोर्ट में आज की सुनवाई के दौरान ईडी ने हेमंत सोरेन की जमानत याचिका का विरोध करते हुए कहा कि चुनाव प्रचार जमानत का आधार नहीं हो सकता। ईडी की ओर से अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल एसवी राजू ने समय मांगा। वहीं सोरेन के वकील कपिल सिब्बल ने कहा कि जिस तरह दिल्ली सीएम अरविंद केजरीवाल को चुनाव प्रचार के लिए अंतरिम जमानत मिली है वैसे ही हेमंत सोरेन को भी जमानत मिलनी चाहिए। अगर कोर्ट हेमंत को जमानत देती है तो वह चुनाव के बाद 2 जून को सरेंडर कर देंगे। इस पर न्यायमूर्ति संजीव खन्ना और न्यायमूर्ति दीपांकर दत्ता की पीठ ने कहा कि आज विस्तृत सुनवाई का समय नहीं है। हमें प्रथम दृष्टया संतुष्ट होना होगा तभी हम कोई फैसला दे पाएंगे।
गौरतलब है कि जमीन घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में जेल में बंद झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को इससे पहले 13 मई को सुप्रीम कोर्ट से झटका लगा था। कोर्ट ने गंभीर आरोपों के चलते अंतरिम जमानत देने से मना कर दिया था। सोरेन के वकील कपिल सिब्बल की दलील सुनने के बाद, सुप्रीम कोर्ट पीठ ने प्रवर्तन निदेशालय से जवाब देने का निर्देश देते हुए 17 मई की डेट सुनवाई के लिए तय की थी। हालांकि पीठ ने भी कहा था कि व्यस्तता बहुत है इसलिए वह आश्वस्त नहीं हैं कि 17 मई को मामले की सुनवाई कर पाएंगे या नहीं।
