February 15, 2026

Hind foucs news

hindi new update

बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हिंसा जारी, सुनामगंज में कट्टरपंथियों ने 100 घरों और पूजास्थलों को तोड़ा; 200 लोग जान बचाने भागे

ढाका। एक तरफ बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार मोहम्मद यूनुस दावा कर रहे हैं कि उनके देश में हिंदू समुदाय के खिलाफ हिंसा की खबरें प्रोपेगेंडा हैं। वहीं, बांग्लादेश में हिंदुओं पर हमले की घटनाएं लगातार हो रही हैं। ताजा मामला बांग्लादेश के सुनामगंज जिले का है। मीडिया की खबरों के मुताबिक आकाश दास नाम के हिंदू युवक पर फेसबुक में ईश निंदा करने का आरोप लगा। पुलिस ने मंगलार गांव में रहने वाले आकाश दास को गिरफ्तार किया। जिसके बाद कट्टरपंथियों ने हिंदुओं के घरों पर हमला बोल दिया।

जानकारी के मुताबिक कट्टरपंथियों की भीड़ ईशनिंदा का आरोप लगाते हुए इकट्ठा हुई और तांडव मचा दिया। बांग्लादेश में कट्टरपंथियों की भीड़ ने 100 से ज्यादा हिंदू घरों पर हमला किया। पूजा स्थलों को भी तोड़फोड़ दिया। जानकारी के मुताबिक बांग्लादेश में हिंदू समुदाय के 200 से ज्यादा लोग घरों से पलायन भी कर चुके हैं। बांग्लादेश की पूर्व पीएम शेख हसीना ने आरोप लगाया है कि सत्ता के भूखे मोहम्मद यूनुस नरसंहार करा रहे हैं। वहीं, मोहम्मद यूनुस ने जापान के निक्केई एशिया अखबार को इंटरव्यू में कहा है कि हिंदुओं के खिलाफ हिंसा की खबरें गलत और प्रोपेगेंडा हैं। बांग्लादेश में शेख हसीना की सरकार के पतन के बाद हिंदू समुदाय के खिलाफ जमकर हिंसा हो रही है। कई हिंदुओं को पहले भी जान गंवानी पड़ी। स्कूल और कॉलेज में पढ़ाने वाले हिंदू टीचरों से जबरन इस्तीफा तक लिया गया।

इस साल 5 अगस्त को शेख हसीना और उनकी बहन शेख रेहाना जान बचाकर भारत भाग आई थीं। इससे पहले वहां मई के महीने से आरक्षण विरोधी आंदोलन शुरू हुआ था। उस आंदोलन के दौरान भी 400 के करीब लोगों की जान गई थी। शेख हसीना के पलायन के बाद सेना ने सत्ता पर कब्जा जमा लिया था और फिर अमेरिका में रहने वाले मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व में अंतरिम सरकार बनी थी। मोहम्मद यूनुस को शांति का नोबेल सम्मान भी मिला है, लेकिन अब बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार रहते वो हिंदुओं के खिलाफ हिंसा रोक नहीं पा रहे हैं। इसकी वजह ये है कि बांग्लादेश में एक बार फिर कट्टरपंथी सक्रिय हुए हैं। शेख हसीना के शासन में कट्टरपंथी तत्वों को सख्ती से कुचला गया था।

You may have missed