August 14, 2026

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महाविकास अघाड़ी के दलों को छोड़ भागेंगे सांसद और विधायक?, महाराष्ट्र बीजेपी अध्यक्ष चंद्रशेखर बावनकुले के दावे से उठा सवाल

नई दिल्ली। महाराष्ट्र में विपक्ष की महाविकास अघाड़ी में फिर टूट होगी? महाराष्ट्र बीजेपी के अध्यक्ष चंद्रशेखर बावनकुले के ताजा बयान ने ये सवाल खड़ा कर दिया है। चंद्रशेखर बावनकुले ने बुधवार को दावा किया कि महाविकास अघाड़ी के कई सांसद और विधायक उनसे संपर्क में हैं। ये सांसद और विधायक अपनी पार्टियों से नाराज हैं। महाराष्ट्र बीजेपी अध्यक्ष चंद्रशेखर बावनकुले ने कहा कि बीजेपी विकसित भारत के विजन से जुड़ने की इच्छा रखने वालों का स्वागत करने के लिए तैयार है। उन्होंने साथ ही ये भी कहा कि महाविकास अघाड़ी के नेताओं को अपने साथ लाने के लिए मनाने की कोई कोशिश नहीं की गई है।

चंद्रशेखर बावनकुले के बयान पर महाराष्ट्र कांग्रेस के अध्यक्ष नाना पटोले ने कहा कि महाराष्ट्र बीजेपी अध्यक्ष का ये दावा जवाब देने लायक नहीं है। नाना पटोले ने कहा कि महाराष्ट्र कांग्रेस के सभी सांसद पार्टी के साथ हैं। महाराष्ट्र विधानमंडल के नागपुर में होने वाले शीतकालीन सत्र में हम महायुति सरकार को उसकी हकीकत बताएंगे। वहीं, शरद पवार की एनसीपी का कहना है कि महायुति की सरकार कमजोर है। ऐसे में समर्थन खोने के डर से वे विपक्षी सांसदों और विधायकों को लुभाने की रणनीति पर चल रही है।

महाविकास अघाड़ी के नेता ये भले दावा कर रहे हों कि उनके यहां फिर टूट नहीं होने वाली, लेकिन पहले बीजेपी ने महाराष्ट्र में ऐसा कर दिखाया है। हालत ये कि उद्धव ठाकरे के पास शिवसेना और शरद पवार के पास एनसीपी नहीं बची। दोनों को अपनी पार्टी के साथ चुनाव चिन्ह भी गंवाना पड़ा। फिर महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में महाविकास अघाड़ी के दलों की इतनी दुर्गति हुई कि उद्धव ठाकरे की पार्टी को 20, कांग्रेस को 16 और शरद पवार की पार्टी को तो सिर्फ 10 सीट ही हासिल हुई। जबकि, बीजेपी ने 132, एकनाथ शिंदे की शिवसेना ने 57 और अजित पवार की एनसीपी ने 41 सीट पर जीत हासिल कर महाराष्ट्र में महायुति का परचम चौतरफा फहरा दिया। खास बात ये रही कि लोकसभा चुनाव में महाराष्ट्र की सीटों पर महाविकास अघाड़ी ने महायुति के मुकाबले अच्छा प्रदर्शन किया था, लेकिन चंद महीने बीतते ही पासा पलट गया। अब महाविकास अघाड़ी के नेता ईवीएम में गड़बड़ी करने का आरोप लगा रहे हैं। जबकि, चुनाव आयोग ने उनकी शिकायत पर सभी 288 सीटों पर 1440 वीवीपैट पर्चियों का मिलान कर ये कह दिया है कि इनकी गिनती महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के नतीजों की तस्दीक करती है।