शेख हसीना के खिलाफ बांग्लादेश की अंतरिम सरकार का नया पैंतरा, भारत से वापस लाने के लिए अब उठाया ये कदम
ढाका। बांग्लादेश की अंतरिम सरकार ने पूर्व पीएम शेख हसीना को वापस लाने के लिए नया पैंतरा चला है। बांग्लादेश की सरकार के निर्देश पर बांग्लादेश पुलिस के नेशनल सेंट्रल ब्यूरो ने इंटरपोल से आग्रह किया है कि वो शेख हसीना के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी करे। शेख हसीना के अलावा 11 और लोगों के नाम बांग्लादेश पुलिस ने इंटरपोल को दिए हैं और इनके खिलाफ भी रेड कॉर्नर नोटिस जारी करने का आग्रह किया है। इससे पहले बांग्लादेश की अंतरिम सरकार की ओर से स्थापित अंतरराष्ट्रीय अपराध न्यायाधिकरण (आईसीटी) ने कहा था कि बांग्लादेश पुलिस शेख हसीना और अन्य भगोड़ों की देश वापसी के लिए इंटरपोल से रेड कॉर्नर नोटिस जारी करवाए।
बांग्लादेश में शेख हसीना के खिलाफ कई केस दर्ज हैं। उन पर लोगों को गायब कराने का गंभीर आरोप भी लगाया गया है। बांग्लादेश में आईसीटी ने शेख हसीना और कई अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए वॉरंट भी जारी किया है। बांग्लादेश की अंतरिम सरकार ने इससे पहले शेख हसीना के प्रत्यर्पण के लिए भारत को भी चिट्ठी लिखी थी। जिस पर भारत सरकार ने सिर्फ इतनी प्रतिक्रिया दी कि बांग्लादेश की ओर से चिट्ठी मिली है। शेख हसीना का बांग्लादेश प्रत्यर्पण के बारे में भारत सरकार ने अब तक कुछ भी नहीं कहा है। शेख हसीना के भारत से हमेशा अच्छे संबंध रहे हैं। साथ ही वो अपने प्रत्यर्पण के खिलाफ भारत की अदालतों का रुख भी करने के लिए आजाद हैं।
शेख हसीना 5 अगस्त 2024 को अपनी बहन शेख रेहाना के साथ जान बचाकर बांग्लादेश से भागी थीं और भारत आ गई थीं। वो तभी से दिल्ली में ही रह रही हैं। शेख हसीना की सरकार के पतन के बाद कुछ दिन बांग्लादेश में सत्ता सेना के पास रही। जिसके बाद मोहम्मद यूनुस को मुख्य सलाहकार बनाकर बांग्लादेश में अंतरिम सरकार का गठन किया गया। इसके बाद ही शेख हसीना पर तमाम केस थोपे गए और उनको भारत से वापस लाने की हर चाल मोहम्मद यूनुस की सरकार चल रही है। वहीं, शेख हसीना ने कई बार अपने समर्थकों को वर्चुअल तरीके से संबोधित किया। जिसमें उन्होंने मोहम्मद यूनुस पर तीखा हमला बोला और ये भी कहा कि वो सही वक्त पर वापस बांग्लादेश जाएंगी।
