April 24, 2026

Hind foucs news

hindi new update

गति शक्ति योजना के जरिए यूपी के विकास को मिलेगी शक्ति, इंफ्रास्ट्राक्चर में होगा नंबर वन

नई दिल्ली। इंफ्रास्ट्रक्चर डवलपमेंट को गति देने के लिए केन्द्र सरकार की ओर से शुरू की गई गति शक्ति योजना पर योगी सरकार का पूरा ध्यान है। इस योजना के अंतर्गत जहां यूपी में निवेश को बढ़ाने की पहल की जा रही है, वहीं इससे रोजगार के दरवाजे खोलने पर भी भरोसा जताया जा रहा है। पहली बार प्रदेश में वाराणसी से हल्दिया तक जलमार्ग का द्वार खुला है। उत्तर भारत का सबसे बड़ा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा जेवर में निर्माणधीन है। बौद्ध सर्किट से सीधे दुनिया को जोड़ने वाला कुशीनगर का अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को प्रधानमंत्री मोदी ने बुधवार को लोकार्पित कर दिया। यह दुनियाभर के बौद्ध अनुयायियों की राह आसान करेगा, वहीं पिछड़े पूर्वांचल के विकास का गेटवे भी बनेगा।

राज्य सरकार से मिली जानकारी के अनुसार केन्द्र की ‘गति शक्ति योजना’ राष्ट्रीय अवस्थापना महायोजना ( नेशनल इंफ्रास्ट्रक्च र मास्टर प्लान) में यूपी काफी तेजी दिखाता प्रदेश बन रहा है। इससे निवेश आकर्षित होगा और रोजगार के अवसर भी बढेगें। गति शक्ति योजना से एकल खिड़की होने से निर्णय लेने में भी कोई दिक्कत नहीं है। गति शक्ति से केन्द्र की प्रयागराज- वाराणसी-हल्दिया जलमार्ग, ईस्ट व वेस्टर्न डेडिकेटेड फ्रेट कारिडोर, मल्टी-मोडल लाजिस्टिक्स एवं ट्रांसपोर्ट टर्मिनल, क्षेत्रीय रैपिड ट्रांसपोर्ट सिस्टम तथा दिल्ली- जेवर-वाराणसी हाई स्पीड रेल लिंक, डिफेंस इंडस्ट्रियल कारिडोर व जेवर में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा निर्माण की परियोजनाएं को खास लाभ होगा।

भारत का पहला फ्रेट विलेज वाराणसी में सौ एकड़ में विकसित किया जा रहा है। यह फ्रेट विलेज प्रदेश के निर्यात केन्द्रों को पूर्वी बंदरगाहों से जोड़ने के लिए एक ट्रांस-शिपमेंट हब के रूप में कार्य करेगा। उत्तर प्रदेश राष्ट्रीय राजमार्गों का देश का लगभग 12000 किमी का सबसे बड़ा नेटवर्क है । इस लिहाज से यूपी स्वयं को एक्सप्रेसवेज राज्य के रूप में स्थापित किया है। यमुना एक्सप्रेसवे, आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे तथा दिल्ली- मेरठ लिंक एक्सप्रेसवे के बाद प्रदेश सरकार गाजीपुर से लखनऊ को जोड़ने के लिए 341 किमी लंबा पूर्वांचल एक्सप्रेसवे बना रही है, जिसका 98 फीसदी कार्य पूरा हो चुका है। 296 किमी लंबा बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे का 72 प्रतिशत निर्माण पूरा हो चुका है। इसके अतिरिक्त देश के सबसे बड़े एक्सप्रेसवे में से एक गंगा एक्सप्रेसवे के शुरू हो चुका है। 600 किमी लंबे इस एक्सप्रेसवे के लिए 98 फीसद भूमि अधिग्रहित की जा चुका है । यह एक्सप्रेसवे मेरठ, हापुड़, बुलंदशहर, अमरोहा, संभल, बदायूं, शाहजहांपुर, हरदोई, उन्नाव, रायबरेली, प्रतापगढ़ और प्रयागराज तथा आसपास के प्रमुख केन्द्रों को जोड़ेगा।

गति शक्ति से डिफेंस इंडस्ट्रियल कारिडोर को रफ्तार मिलेगी। 5000 हेक्टेयर भूमि पर बनने जा रहे डिफेंस कारिडोर के लिए 1445 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहित हो चुकी है। प्रधानमंत्री मोदी ने अगस्त माह में इस कारिडोर के अलीगढ़ नोड का शुभारंभ किया था। इतना ही नहीं यमुना एक्सप्रेस वे क्षेत्र में 350 एकड़ से अधिक भूमि पर प्रस्तावित प्रदेश के पहले मेडिकल डिवाइस पार्क का विकास तेजी से हो सकेगा। यूपी के अपर मुख्य सचिव का कहना है कि नेशनल इंफ्रास्ट्रक्च र मास्टर प्लान में यूपी अग्रणी राज्य के रूप में शुमार होगा। इससे निवेश आकर्षित होगा और रोजगार के अवसर भी बढेगें।

More Stories

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *