तमिलनाडु सरकार नहीं बनने दे रही पीएम आवास योजना के घर, केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने लोकसभा में दी जानकारी
नई दिल्ली। केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज लोकसभा में पूछे गए विपक्ष के एक प्रश्न के जवाब में कहा, प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत तमिलनाडु सरकार घर बनवाने नहीं दे रही है। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार ने तमिलनाडु में गरीब जनता के मकान बनाने के लिए लक्ष्य आवंटित किया है मगर एक साल से ज्यादा समय हो गया तमिलनाडु सरकार ने 2.15 लाख घर बनाने को स्वीकृति ही नहीं दी है। केंद्र सरकार पैसा दे रही है इसके बावजूद तमिलनाडु सरकार गरीबों के मकान स्वीकृत नहीं कर रही है। यह अन्याय की पराकाष्ठा है, यह गरीबों के साथ धोखा है।
शिवराज चौहान ने आगे बताया कि 3 लाख 10 हजार मकानों का काम वहां पूरा ही नहीं हुआ जबकि उसका पैसा भी केंद्र सरकार के द्वारा दिया जा चुका है। केंद्र सरकार के द्वारा 308 करोड़ रुपए दिए जा चुके हैं जो तमिलनाडु सरकार के खाते में पड़ा है इसके बावजूद गरीबों का मकान नहीं बना रहे और न ही नए मकानों को स्वीकृति दे रहे हैं। शिवराज चौहान ने बताया कि यही कारण है कि 2018 के आवास प्लस की सूची के 50815 मकान तमिलनाडु को हम नहीं दे पा रहे हैं।
केंद्रीय मंत्री ने सवाल उठाया कि गरीबों के मकान बनने से आखिर तमिलनाडु सरकार को दिक्कत क्या है? क्या इससे मोदी जी का नाम होगा इसलिए मकान नहीं बनने दे रहे हैं? शिवराज चौहान ने कहा कि 2024 में देशभर के ऐसे गरीब जिनके पास कच्चे मकान थे उनके लिए नया मकान बनाने के लिए सर्वे किया गया था लेकिन तमिलनाडु सरकार ने आज तक सर्वे ही नहीं दिया। शिवराज चौहान ने कहा कि मैं तमिलनाडु सरकार से हाथ जोड़कर प्रार्थना करता हूं कि गरीबों के साथ अन्याय न करें, उनके मकान स्वीकृत करें, सर्वे करें ताकि केंद्र सरकार मकान बना सके।
