छत्तीसगढ़ में सुरक्षाबलों ने एनकाउंटर में 14 नक्सलियों को मार गिराया, एके-47 समेत अन्य हथियार बरामद
नई दिल्ली। छत्तीसगढ़ में आज सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच दो अलग-अलग मुठभेड़ में 14 नक्सली मारे गए। सुकमा जिले में हुए एनकाउंटर में 12 नक्सलियों की मौत हुई जबकि बीजापुर जिले में दो नक्सलियों को मार गिराया गया। नक्सलियों के पास से एके-47, इंसास और एसएलआर राइफलों सहित कई हथियार जब्त किए गए है। डीआरजी की टीमों के साथ नक्सलियों की मुठभेड़ तड़के शुरू हुई, जिनमें दोनों पक्षों की तरफ से काफी देर तर रुक-रुक कर गोलीबारी होती रही। बताया जा रहा है कि बीजापुर में मुठभेड़ अभी भी जारी है। सुकमा में सर्च अभियान चलाया जा रहा है।
एनकाउंटर में 8 लाख का इनामी नक्सली वेट्टी मुका उर्फ मंगडू भी मारा गया है। 40 वर्षीय मंगडू सुकमा जिले के गोगुड़ा गांव का रहने वाला था और कोंटा एरिया कमेटी के सचिव पद पर नियुक्त था। कई बड़ी नक्सली घटनाओं को अंजाम देने में वो शामिल था। इसके अलावा एक अन्य खूंखार नक्सली एसीएम हितेश को भी सुरक्षाबलों ने ढेर कर दिया है। पिछले साल 9 जून को कोंटा के पास जो आईईडी ब्लास्ट हुआ था जिसमें तत्कालीन एएसपी आकाश राव गिरपुंजे की मृत्यु हो गई थी, हितेश उस ब्लास्ट का मास्टरमाइंड था। अब हितेश को मारकर सुरक्षाबलों ने एक प्रकार से एएसपी आकाश राव की मौत का बदला ले लिया है।
इससे पहले अभी 25 दिसंबर को ही ओडिशा के कंधमाल जिले में 1.1 करोड़ का इनामी शीर्ष नक्सली नेता गणेश उइके मुठभेड़ में मारा गया था। उसके साथ पांच अन्य माओवादी भी सुरक्षबलों की गोली का निशाना बने थे जिनमें दो महिला नक्सली भी थीं। जबकि नवबंर 2025 में नक्सली कमांडर माडवी हिडमा को भी सुरक्षा बलों ने मुठभेड़ में ढेर कर दिया था। हिडमा पर 1 करोड़ रुपए का इनाम था। उस एनकाउंटर में हिडमा के अलावा उसकी पत्नी राजे समेत कुल 6 नक्सली मारे गए थे। बता दें कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने 31 मार्च 2026 तक देश से नक्सलवाद को जड़ से खत्म करने की प्रतिबद्धता जताई है।
