इंडोनेशिया के विश्व प्रसिद्ध प्रम्बानन मंदिर के पीएम मोदी ने किए दर्शन, जानिए यहां के बारे में सबकुछ
जकार्ता। पीएम नरेंद्र मोदी ने इंडोनेशिया का दौरा खत्म करने से पहले बुधवार को वहां के मशहूर प्रम्बानन मंदिर के दर्शन किए। इस दौरान इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो भी उनके साथ थे। भारत ने इंडोनेशिया के प्रम्बानन मंदिर के जीर्णोद्धार में मदद का फैसला किया है। प्रम्बानन मंदिर दक्षिण-पूर्व एशिया में अंकोरवाट मंदिर के बाद दूसरा सबसे बड़ा मंदिर है। खास बात ये कि इंडोनेशिया मुस्लिम राष्ट्र है। इसके बावजूद वहां अपनी प्राचीन सभ्यता और हिंदू संस्कृति पर लोग गर्व करते हैं।
इंडोनेशिया का प्रम्बानन मंदिर 9वीं सदी में बनाया गया था। प्रम्बानन मंदिर को यूनेस्को ने विश्व धरोहरों की लिस्ट में रखा है। प्रम्बानन मंदिर भगवान शिव, भगवान विष्णु और ब्रह्मा यानी त्रिदेव को समर्पित कर बनाया गया था। इस मंदिर की दीवारों पर रामायण के प्रसंग उकेरे हुए हैं। भारत और इंडोनेशिया के बीच प्राचीन सांस्कृतिक संबंधों का प्रम्बानन मंदिर साक्षी है। इस मंदिर का मूल नाम शिवगृह रखा गया था। प्राचीन मतारम साम्राज्य के वक्त संजया राजवंश के राजा राकाई पिकाटन ने 850 ईस्वी में प्रम्बानन मंदिर का निर्माण कराया था।
प्रम्बानन मंदिर परिसर में भगवान शिव, भगवान विष्णु और ब्रह्मा को समर्पित तीन भव्य मंदिर हैं। इनमें भगवान शिव का मंदिर सबसे ऊंचा है। पहले इस परिसर में 240 मंदिर होने की जानकारी है। लगातार आने वाले भूकंप और ज्वालामुखी की गतिविधियों के कारण परिसर के बाकी मंदिर नष्ट या टूट-फूट गए। प्रम्बानन मंदिर के पास रामायण से संबंधित इंडोनेशिया का प्रसिद्ध बैले भी होता है। पीएम मोदी के इस मंदिर के दर्शन करने जाने से और भी भक्तों के इंडोनेशिया पहुंचकर यहां की यात्रा करने की इच्छा हो सकती है। पीएम मोदी इससे पहले भी अलग-अलग देशों की यात्रा के दौरान वहां मौजूद मंदिरों में जाकर पूजा-अर्चना करते रहे हैं।
