क्रिकेटर यश दयाल के खिलाफ चल रहे ट्रायल पर इलाहाबाद हाईकोर्ट ने लगाई रोक
नई दिल्ली। क्रिकेटर यश दयाल को इलाहाबाद हाईकोर्ट से आज बड़ी राहत मिली है। शादी का झूठा वादा कर महिला के साथ यौन संबंध बनाने के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने यश दयाल के खिलाफ गाजियाबाद की ट्रायल कोर्ट में चल रही कार्यवाही पर रोक लगा दी है। यश दयाल ने अपनी याचिका में ट्रायल कोर्ट के उस आदेश को रद्द करने की मांग की थी, जिसमें गाजियाबाद के मजिस्ट्रेट द्वारा उन्हें जारी समन का संज्ञान लिया गया था। साथ ही अपने खिलाफ चल रही कार्यवाही और पुलिस द्वारा दायर चार्जशीट को भी रद्द करने की मांग की है।
यश दयाल के खिलाफ महिला ने जुलाई 2025 में गाजियाबाद के इंदिरापुरम थाने में एफआईआर दर्ज कराई थी। महिला का आरोप था कि यश दयाल ने शादी का झूठा वादा करके पांच साल के दौरान उसके साथ कई बार शारीरिक संबंध बनाए। महिला ने मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी शिकायत की थी। हालांकि इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पहले भी इस मामले में यश दयाल को राहत देते हुए उनकी गिरफ्तारी पर रोक लगा दी थी। हाईकोर्ट बेंच ने मौखिक रूप से कहा कि किसी को एक, दो या तीन दिन मूर्ख बनाया जा सकता है लेकिन पांच साल तक मूर्ख नहीं बनाया जा सकता। उधर, यश दयाल की ओर से भी महिला पर ब्लैकमेलिंग का आरोप लगाते हुए प्रयागराज के खुल्दाबाद थाने में तहरीर दी गई थी।
यश दयाल की ओर से कोर्ट में दलील दी गई है कि महिला के साथ उनका रिश्ता आपसी सहमति पर आधारित था और इसमें शादी का कोई वादा नहीं किया गया था। गौरतलब है कि एक अन्य युवती ने भी जयपुर के सांगानेर थाने में यश दयाल के खिलाफ रेप और पॉक्सो एक्ट के तहत एफआईआर दर्ज कराई है। युवती का आरोप है कि यश दयाल ने उसे क्रिकेट में करियर बनवाने का झांसा दिया और दो साल तक उसका रेप किया। युवती का कहना है कि उस वक्त उसकी उम्र 17 वर्ष की थी। आपको बता दें कि तेज गेंदबाज यश दयाल ने इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की ओर से खेलते हैं। हालांकि इस साल 2026 में आईपीएल नहीं खेले मगर आरसीबी के साथ उनका कॉन्ट्रैक्ट बना रहा। इससे पहले वो गुजरात टाइटंस की टीम से भी खेल चुके हैं।
