‘हाफिज सईद ने 10 हजार आतंकी जम्मू-कश्मीर भेजे’, लश्कर के नसीर मदनी ने पाकिस्तान की खोली पोल
नई दिल्ली। पाकिस्तान हमेशा ये रट लगाता है कि जम्मू-कश्मीर में उसके यहां से आतंकी नहीं आते। पाकिस्तान अपने यहां आतंकी संगठनों की मौजूदगी तक से इनकार करता है। हालांकि, पाकिस्तान के इस झूठ का आए दिन पर्दाफाश हो जाता है। एक बार फिर पाकिस्तान के फरेब की कलई उतरी है। पाकिस्तान स्थित लश्कर-ए-तैयबा के नसीर मदनी ने बहावलपुर में एक मंच से माना कि हाफिज सईद ने जम्मू-कश्मीर में हजारों आतंकी भेजे थे।
पाकिस्तान की आजादी के समारोह को मनाने के लिए बहावलपुर में आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा की तरफ से कार्यक्रम किया गया था। यहीं पर लश्कर के आतंकी नसीर मदनी ने ये दावा किया। नसीर मदनी ने हाफिज सईद की जमकर तारीफ की। वीडियो में वो कहता दिखता है- सुनो, इसी हाफिज सईद ने कुर्बानी दी। आज वो जेल में है। वो पाकिस्तान का पहला ऐसा कैदी होगा, जिसकी गवाही देने वाला कोई नहीं था, लेकिन उसे सजा दी। सिर्फ इस वजह से कि उसने 10 हजार बच्चे कश्मीर के लिए, वतन की कुर्बानी के लिए पेश किया, लेकिन उसे सजा देकर बनारसी ठगों ने अंदर रखा हुआ है। वो (हाफिज सईद) आज भी चुप है।
नसीर मदनी से पहले भी लश्कर-ए-तैयबा के तमाम बड़े आतंकी ये कहते रहे हैं कि जम्मू-कश्मीर को अलग करने तक वहां आतंकी भेजे जाते रहेंगे। भारत ने जम्मू-कश्मीर में हुए हर आतंकी हमले के बाद पाकिस्तान को सबूत दिए कि उसके यहां पल रहे दहशतगर्दी वाले संगठनों के लोगों ने ऐसा किया है। 2008 में मुंबई में हुए भीषण आतंकी हमले में भी लश्कर के हाथ होने का सबूत भारत ने पाकिस्तान को दिया था, लेकिन पाकिस्तान ने कोई सख्त कार्रवाई नहीं की। पाकिस्तान ने लश्कर-ए-तैयबा के अलावा जैश-ए-मोहम्मद और हिजबुल मुजाहिदीन के साथ ही अल-कायदा को भी ठिकाना दे रखा है। लश्कर के आतंकी पहलगाम हमले में भी शामिल रहे हैं। जबकि, जैश ने भी भारत में कई बड़े आतंकी हमले किए हैं।
