कोरोना संकट के बीच उद्धव सरकार डिप्टी सीएम की छवि चमकाने में जुटी, सोशल मीडिया अकाउंट्स पर खर्च करेगी करोड़ों रुपये
नई दिल्ली। इस वक्त पूरे देश में कोरोना महामारी की दूसरी लहर ने अपना कहर बरपाया हुआ है। कोरोना संक्रमण की इस प्रचंड लहर की वजह से हर जगह त्राहिमाम मचा हुआ है। कोरोना के नए मामलों की नजर से महाराष्ट्र देश में सबसे अधिक प्रभावित राज्य है। लेकिन संकट की इस घड़ी में महाराष्ट्र की महा विकास अघाडी सरकार अपनी सियासत को चमकाने में लगी हुई है।
दरअसल, इस समय नगदी संकट का सामना कर रही महाराष्ट्र की उद्धव सरकार अब अपने डिप्टी सीएम अजीत पवार की छवि को चमकाने के लिए सरकारी खजाने से करोड़ों रुपये खर्च करने जा रही है। खबरों के मुताबिक, महाराष्ट्र सरकार ने अजीत पवार के सोशल मीडिया अकाउंट को चलाने के लिए सरकारी खजाने से 6 करोड़ रुपये खर्च करेगी। आपको बता दें कि अजीत पवार के पास वित्त और योजना विभाग की भी जिम्मेदारी है।
एक अंग्रेजी अखबार के मुताबिक, बुधवार को इस संबंध में प्रशासन की ओर आदेश जारी किए गए। सामान्य प्रशासन विभाग के अवर सचिव मुसाले के हस्ताक्षर युक्त इस चिट्ठी में डिप्टी सीएम पवार सोशल मीडिया अकाउंट्स की जिम्मेदारी बाहरी एजेंसी को सौंपने का जिक्र है। इसके जरिए अजित पवार के द्वारा लिए गए फैसले और अन्य जानकारियां लोगों तक पहुंच सके। वहीं इस मामले को लेकर आम आदमी पार्टी ने अपने ट्विटर हैंडल से महाराष्ट्र की उद्धव सरकार पर हमला बोला। साथ ही इस खबर को भी ट्विटर पर शेयर भी की है।
इस आदेश के अनुसार, एजेंसी डिप्टी सीएम अजित पवार के ट्विटर, फेसबुक, यूट्यूब समेत तमाम सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म को हैंडल करेगी। एजेंसी का चयन डिप्टी चीफ मिनिस्टर सचिवालय और महानिदेशालय, सूचना एवं जनसंपर्क से सलाह के आधार पर तय किया जाएगा।
