नई दिल्ली। मॉडल ट्विशा शर्मा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत मामले में शीर्ष अदालत ने भोपाल सेशंस कोर्ट में चल रही सुनवाई पर फिलहाल रोक लगा दी है। दरअसल, ट्विशा के पिता नवनिधि शर्मा ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर मामले को भोपाल से दिल्ली की कोर्ट में ट्रांसफर किए जाने की मांग की है। नवनिधि शर्मा की इसी याचिका पर सुनवाई करते हुए शीर्ष कोर्ट ने अगले आदेश तक निचली अदालत के ट्रायल पर रोक लगा दी और प्रतिवादियों को उनका जवाब दाखिल करने के लिए समय दिया है। नवनिधि शर्मा ने अपनी याचिका में मामले की निष्पक्ष और न्यायसंगत सुनवाई सुनिश्चित करने का तर्क देते हुए केस को भोपाल से दिल्ली स्थानानांतरित करने की मांग की है।
भोपाल के कटारा हिल्स क्षेत्र में अपनी ससुराल में 12 मई की रात ट्विशा शर्मा का शव संदिग्ध परिस्थितियों में फांसी से लटकता पाया गया था। ट्विशा के माता-पिता ने ससुरालवालों पर हत्या का आरोप लगाया। वहीं ससुराल वाले इसे आत्महत्या बता रहे हैं। ट्विशा के शव का दो बार पोस्टमार्टम हुआ था। मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के आदेश के बाद दिल्ली एम्स के चार सदस्यीय विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम ने ट्विशा की बॉडी का दूसरा पोस्टमार्टम किया था। ट्विशा के पैरेंट्स की शिकायत पर पुलिस ने 14 मई को ट्विशा की सास रिटायर्ड गिरिबाला सिंह और पति एडवोकेट समर्थ सिंह के खिलाफ मामला दर्ज किया था।
इस मामले की जांच सीबीआई कर रही है। गिरिबाला सिंह को कोर्ट से अग्रिम जमानत मिल गई थी। हालांकि बाद में मध्य प्रदेश हाईकोर्ट से गिरिबाला की अग्रिम जमानत खारिज कर दिया था। 28 मई को सीबीआई ने गिरिबाला सिंह को गिरफ्तार किया, तब से वो जेल में बंद हैं। गिरिबाला सिंह पर साक्ष्य मिटाने और जांच में सहयोग न करने के आरोप हैं। ट्विशा की मौत के बाद पति समर्थ फरार हो गया था हालांकि बाद में उसने भी सरेंडर कर दिया था।
