महाराष्ट्र में कांग्रेस को बड़ा झटका, बाबा सिद्दीकी के अजीत खेमे में जाने की खबर से गरमाई सिसायत
नई दिल्ली। कांग्रेस की ग्रह दशा दिन-ब-दिन बद से बद्द्तर होती जा रही है। अभी विपक्ष बिहार के सदमें से ठीक से उभरा भी नहीं था कि कांग्रेस को महाराष्ट्र में एक और झटका लगने जा रहा है। जी हां, पूर्व केंद्रीय मंत्री मिलिंद देवड़ा के बाद अब बाबा सिद्दीक़ी भी कांग्रेस का दामन छोड़ने वाले हैं। बाबा सिद्दीक़ी अगले हफ्ते 10 फरवरी को अगले हफ्ते एनसीपी (अजित पवार गुट) में शामिल हो सकते हैंछ। बता दें कि एनसीपी नेताओं ने खुद इस बात की पुष्टि की है। बाबा सिद्दीकी और उनके विधायक बेटे जीशान ने अजित पवार से मुलाकात की थी। सूत्रों की माने तो बाबा सिद्दीकी और उनके बेटे जीशान ने अजित पवार के साथ अपनी अगली रणनीति को लेकर चर्चा की है। आपको बता दें कि, बाबा सिद्दीकी कांग्रेस के दिग्गज नेता माने जाते हैं और बांद्रा से तीन बार विधायक रह चुके हैं। ऐसे में माना जा रहा है कि अगर बाबा सिद्दीकी सत्तारूढ़ गठबंधन का हिस्सा बनते हैं तो एक बार फिर महाराष्ट्र की सियासत गरमा सकती है।
बता दें कि, इससे पहले दिसंबर में भी अजित पवार ने नवाब मलिक को अपने खेमें में शामिल करने का फूल प्रूफ प्लान बना लिया था लेकिन BJP खासतौर पर डिप्टी CM देवेंद्र फडणवीस ने आपत्ति जताई थी। जिसके बाद अजित गुट को अपने प्लान से बैकआउट करना पड़ा था। दरअसल, नवाब मलिक कुछ महीने पहले ही मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में जमानत पर जेल से बाहर निकले हैं, ऐसे में फडणवीस ने पवार को पत्र लिखकर कहा था कि नवाब मलिक को अभी सिर्फ मेडिकल आधार पर जमानत मिली है, वे दोषमुक्त नहीं हुए हैं ऐसे में उन्हें अपनी पार्टी में शामिल न करें।
मुस्लिम चेहरे की खोज में पवार?
जानकारों की माने तो, NCP को मुंबई के लिए एक कद्दावर मुस्लिम चेहरे की जरूरत थी। ऐसे में पवार ने नवाब मलिक को अप्रोच किया लेकिन बीजेपी की आपत्ति के बाद मलिक पार्टी में शामिल नहीं हो पाए। जिसके बाद अजित पवार ने तलाश जारी रखी। ऐसे में माना जा रहा है कि बाबा सिद्दीकी के रूप में अजित पवार की तलाश पूरी हो सकती है।
