Commonwealth Games 2026: कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 से पहले भारत के लिए बुरी खबर
नई दिल्ली। भारत के खिलाड़ियों के लिए बुरी खबर है। कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में होने वाले हैं और इससे ठीक पहले इस प्रतियोगिता से हॉकी, कुश्ती, शूटिंग, बैडमिंटन और क्रिकेट की स्पर्धा को बाहर करने का एलान किया गया है। ये वो स्पर्धाएं हैं, जिनमें भारत के खिलाड़ी काफी मेडल जीतते रहे हैं। ताजा जानकारी के मुताबिक 2026 की 23 जुलाई से 2 अगस्त तक ब्रिटेन के ग्लासगो में कॉमनवेल्थ गेम्स होने हैं। कॉमनवेल्थ गेम्स का ये 23वां एडिशन होना है। इससे पहले तमाम स्पर्धाओं को हटाने का फैसला किया गया है।
हॉकी, कुश्ती, शूटिंग, बैडमिंटन और क्रिकेट को कॉमनवेल्थ गेम्स से हटाने की वजह कम बजट होना बताया जा रहा है। इससे पहले 2014 में ग्लासगो में कॉमनवेल्थ गेम्स हुए थे। कॉमनवेल्थ गेम्स की शुरुआत साल 1930 में हुई थी। कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत ने 1934 से हिस्सा लेना शुरू किया। कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत हमेशा हॉकी, कुश्ती और एथलेटिक्स में बढ़िया प्रदर्शन करता रहा है। अब हॉकी, कुश्ती, शूटिंग, बैडमिंटन और क्रिकेट की स्पर्धा को कॉमनवेल्थ गेम्स से बाहर किए जाने के कारण तमाम भारतीय खिलाड़ी अपने कौशल का प्रदर्शन नहीं कर सकेंगे और ऐसे में मेडल तालिका में भारत पिछड़ सकता है।
साल 2022 में इंग्लैंड के बर्मिंघम में हुए कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत के खिलाड़ियों ने 22 गोल्ड, 16 सिल्वर और 23 ब्रॉन्ज समेत 61 मेडल हासिल किए थे। भारत इस प्रतियोगिता में पिछली बार मेडल तालिका में चौथे स्थान पर था। जबकि, उस वक्त शूटिंग की स्पर्धा नहीं हुई थी। वहीं, इससे पहले गोल्ड कोस्ट में हुए कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत के खिलाड़ियों ने 26 गोल्ड समेत 66 मेडल हासिल किए थे। कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत ने सबसे ज्यादा 102 मेडल साल 2010 के दिल्ली एडिशन में हासिल किए थे। तब भारत के खिलाड़ियों ने 38 गोल्ड, 27 सिल्वर और 37 ब्रॉन्ज मेडल पर कब्जा जमाया था।
