जम्मू-कश्मीर में आतंकी हमलों पर फारूक अब्दुल्ला ने उठाए सवाल, बीजेपी का पलटवार
नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर में पिछले कुछ दिनों में हुए आतंकी हमलों पर नेशनल कांफ्रेंस के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने सवाल खड़े कर दिए हैं। फारूक ने कहा कि मुझे शक है कि जम्मू-कश्मीर की नई सरकार को अस्थिर करने के लिए ये हमले कराए जा रहे हैं। वहीं बीजेपी ने फारूक अब्दुल्ला के इस बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि एक जिम्मेदार व्यक्ति को इस तरह के गैर-जिम्मेदाराना बयान नहीं देना चाहिए। एक तरफ सुरक्षा बल के जवान इन हमलों की कीमत अपनी शहादत से चुका रहे हैं और दूसरी तरफ हमलों पर सवाल उठाया जा रहा है।
नेशनल कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने बडगाम में मजदूरों पर हुए आतंकी हमले पर कहा, इसकी जांच होनी चाहिए। मुझे तो शक है कि यह हमले वो लोग तो नहीं कर रहे हैं जो जम्मू कश्मीर की नेशनल कांफ्रेंस सरकार को अस्थिर करने की कोशिश कर रहे हैं? इस तरह के आतंकी हमले पहले क्यों नहीं हो रहे थे? जब से उमर अब्दुल्ला ने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली है उसके बाद से इस तरह के संकट पैदा करने की कोशिश की जा रही है। फारूक के कहा कि आतंकियों को मारना चाहिए नहीं चाहिए बल्कि उनको जिंदा पकड़कर पूछताछ करनी चाहिए ताकि सच पता चल सके।
उधर, बीजेपी नेता कविंदर गुप्ता ने नेशनल कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला के बयान पर कहा कि एक जिम्मेदार व्यक्ति को इस तरह की बयानबाजी नहीं करनी चाहिए। जवानों और सुरक्षा एजेंसियों के काम के कारण ही जम्मू-कश्मीर में शांति व्यवस्था बनी हुई है। केंद्र सरकार का उमर सरकार को पूरा समर्थन है। किसी ने ये नहीं कहा कि उमर अब्दुल्ला की सरकार को अस्थिर किया जा रहा है, ऐसी कोशिशें बाहरी ताकतों द्वारा की जाती है। सुरक्षा बलों के कारण ही शून्य सहिष्णुता की नीति पर काम हो रहा है। यह बिल्कुल गलत बयानबाजी है। फारूक अब्दुल्ला को इस तरह की गैर-जिम्मेदाराना बातें नहीं करनी चाहिए।
