दिल्ली में पूर्व मुख्यमंत्री और मंत्रियों के व्यक्तिगत स्टाफ की सेवाएं खत्म, सीएम रेखा गुप्ता का बड़ा फैसला
नई दिल्ली। दिल्ली की नई मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता शपथ लेते ही काम में जुट गई हैं। गुरुवार को पदभार संभालने के साथ ही दिल्ली सरकार की पहली कैबिनेट मीटिंग भी हुई थी जिसमें आयुष्मान योजना को लागू करने पर मोहर लगी। अब दिल्ली की बीजेपी सरकार ने पूर्व मुख्यमंत्री और मंत्रियों के व्यक्तिगत स्टाफ की सेवाएं खत्म करने का निर्णय लिया है। इसी के साथ ही सीएम रेखा गुप्ता ने उन सभी अधिकारियों को उनके मूल विभागों में वापस भेजने का भी आदेश दिया है जिनको पूर्व की आम आदमी पार्टी वाली सरकार ने कहीं और नियुक्त किया हुआ था।
सीएम रेखा गुप्ता ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा, हमने शपथ लेने के तुरंत बाद पहले दिन कैबिनेट बैठक की और हमने आयुष्मान भारत योजना को मंजूरी दे दी, जिसे आप सरकार ने रोक दिया था। हमने पहले दिन दिल्ली के लोगों को 10 लाख रुपये का स्वास्थ्य लाभ दिया। हम अब दिल्ली की चिंता करेंगे और दिल्ली के जो अधिकार हैं वो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में उसे दिए जाएंगे। दिल्ली को उसका हक मिलेगा। हमने पहले ही दिन यमुना घाट जाकर अपने प्रण को याद किया। हम अपना एक भी वादा अधूरा नहीं छोड़ेंगे। हमने जनता से जो भी वादे किए हैं, वह पूरे करेंगे।
सीएम बोलीं, कांग्रेस ने 15 साल और आप ने 13 साल तक दिल्ली में शासन किया। यह देखने के बजाय कि उन्होंने क्या किया, वे हमारे एक दिन पर सवाल कैसे उठा सकते हैं? उन्हें हमसे सवाल करने का कोई अधिकार नहीं है। सीएम ने बिना नाम लिए अरविंद केजरीवाल पर निशाना साधते हुए कहा, उन्हें अपनी पार्टी का ध्यान रखना चाहिए, ऐसे कई लोग हैं जो दिल्ली छोड़ना चाहते हैं। उन्हें चिंता है कि जब कैग की रिपोर्ट सदन में पेश की जाएगी, तो बहुत सारे छुपे हए तथ्य उजागर हो जाएंगे।
