अमेरिका तक मार करने वाली आईसीबीएम मिसाइल बना रहा पाकिस्तान, खुफिया सूत्रों के हवाले से प्रतिष्ठित पत्रिका ने किया दावा
वॉशिंगटन। प्रतिष्ठित पत्रिका “फॉरेन अफेयर्य” ने अमेरिका के खुफिया सूत्रों के हवाले से पाकिस्तान के बारे में बड़ा दावा किया है। फॉरेन अफेयर्स के मुताबिक पाकिस्तान अब अंतर महाद्वीपीय यानी इंटर कॉन्टिनेंटल मिसाइल (आईसीबीएम) बना रहा है। खुफिया सूत्रों ने पत्रिका को ये भी बताया है कि पाकिस्तान की इस आईसीबीएम से अमेरिका पर भी हमला किया जा सकता है! पत्रिका में छपी खबर के मुताबिक अमेरिका में पाकिस्तान की परमाणु क्षमता के विस्तार से लगातार चिंता बढ़ रही है। अगर पाकिस्तान ने आईसीबीएम बनाया, तो अमेरिका को उसके बारे में नीतिगत बदलाव लाना होगा। पहले भी और हाल के दिनों में भी अमेरिका लगातार पाकिस्तान को साथ लेकर चलता दिखा है।
बीते दिनों ही अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पाकिस्तान सेना के फील्ड मार्शल आसिम मुनीर को लंच पर बुलाया था। इस दौरान बंद कमरे में ट्रंप और आसिम मुनीर के बीच काफी देर तक बातचीत भी हुई थी। फॉरेन अफेयर्स पत्रिका का कहना है कि पाकिस्तान अब आईसीबीएम बनाकर अमेरिका को ये संदेश देना चाहता है कि अगर भारत से भविष्य में जंग हुई, तो उसमें वो न तो दखल दे और पाकिस्तान के परमाणु हथियारों को कब्जे में करने के बारे में सौ बार विचार करे। अगर पाकिस्तान ने आईसीबीएम बनाया, तो अमेरिका को उसे दुश्मन के तौर पर देखना होगा। क्योंकि अमेरिका खुद पर हमला करने में सक्षम आईसीबीएम वाले देशों को इसी श्रेणी में रखता है।
पाकिस्तान लगातार ये कहता रहा है कि उसका परमाणु और मिसाइल कार्यक्रम भारत को ध्यान में रखते हुए है। पाकिस्तान के नेताओं ने ऑपरेशन सिंदूर के वक्त भी ये धमकी दी थी कि अगर उनके मुल्क का नाम-ओ-निशान मिटाने की भारत ने कोशिश की, तो वो परमाणु हथियार का इस्तेमाल कर सकता है। वहीं, ऑपरेशन सिंदूर स्थगित करने के बाद पीएम नरेंद्र मोदी ने साफ कहा है कि भारत अब पाकिस्तान के न्यूक्लियर ब्लैकमेल की धमकियों में आने वाला नहीं है। भारत और पाकिस्तान ने 1998 में खुद को परमाणु हथियार वाला देश घोषित किया था। पहले भारत ने 5 परमाणु परीक्षण किए थे। बाद में पाकिस्तान ने भी परमाणु परीक्षण किए थे। पाकिस्तान पर परमाणु अप्रसार को न मानने का भी आरोप लग चुका है। इसके बावजूद अमेरिका समेत किसी देश ने उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं की है।
