हम यहीं नहीं रुकने वाले…पीएम नरेंद्र मोदी ने जीएसटी में और अधिक कटौती के दिए संकेत, मेक इन इंडिया और आत्मनिर्भर भारत पर दिया जोर
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज ग्रेटर नोएडा में उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो का उद्घाटन किया। इस दौरान प्रधानमंत्री ने मेक इन इंडिया से लेकर भारत को आत्मनिर्भर बनाने पर जोर दिया। नेक्स्ट जेन जीएसटी रिफॉर्म्स की बात करते हुए मोदी ने कहा कि आज देश गर्व के साथ जीएसटी बचत उत्सव मना रहा है। मैं आपको बताना चाहता हूं, हम यहीं नहीं रुकने वाले, 2017 में हम जीएसटी लाए आर्थिक मजबूती का काम किया, इसके बाद 2025 में जीएसटी रिफॉर्म किया, जैसे जैसे आर्थिक मजबूती होगी टैक्स का बोझ कम होता जाएगा। मोदी बोले, देशवासियों के आशीर्वाद से जीएसटी रिफॉर्म का सिलसिला निरंतर चलता रहेगा।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, जो देश जितना ज्यादा दूसरों पर निर्भर रहेगा उसकी ग्रोथ उतनी ही कॉम्प्रोमाइज रहने वाली है। भारत जैसे देश को किसी पर निर्भर रहना अब मंजूर नहीं है इसलिए भारत को आत्मनिर्भर बनाना ही होगा। आज सरकार ‘मेक इन इंडिया’ पर मैन्युफैक्चरिंग पर काफी बल दे रही है। हम चिप से शिप तक भारत में ही बनाना चाहते हैं। मेरा सभी से आग्रह है अपना बिजनेस मॉडल ऐसा बनाएं जो आत्मनिर्भर भारत को मजबूती देता हो। सरकार ने ऐसे कई नियमों को अपराधमुक्त कर दिया है जिनके तहत व्यापार में छोटी-छोटी गलतियां करने पर भी लोगों के खिलाफ मुकदमे दर्ज कर दिए जाते थे।
नरेंद्र मोदी ने कहा, नेक्स्ट जनरेशन जीएसटी सुधारों ने गरीबों और मध्यम वर्ग के लिए करों में उल्लेखनीय कमी ला दी है। जीएसटी में संरचनात्मक सुधार भारत की विकास कहानी को नई उड़ान देंगे। मुझे खुशी है कि आज 2200 से ज़्यादा प्रदर्शक अपने उत्पादों और सेवाओं का यहां प्रदर्शन कर रहे हैं। रूस इस वर्ष के ट्रेड शो का कंट्री पार्टनर है। यानी हम एक टाइम टेस्टेड पार्टनरशिप को और भी मजबूत कर रहे हैं।
मोदी बोले, आज गवर्नमेंट ई-मार्केटप्लेस (GeM) पोर्टल के माध्यम से लगभग 25 लाख विक्रेता और सेवा प्रदाता सरकार को सामान उपलब्ध करा रहे हैं। ये छोटे दुकानदार और व्यापारी हैं जो सरकार को अपना सामान बेच सकते हैं। पहले की सरकारों में तो इसकी कल्पना भी नहीं की जा सकती थी, लेकिन आज एक छोटा दुकानदार भी इस पोर्टल के माध्यम से अपना सामान बेच रहा है। भारत 2047 तक ‘विकसित भारत’ के अपने लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।
प्रधानमंत्री ने आगे कहा, हमारे रक्षा बल दूसरे देशों पर निर्भरता कम करना चाहते हैं। हम भारत में एक जीवंत रक्षा क्षेत्र विकसित कर रहे हैं। हम ऐसा इकोसिस्टम बना रहे हैं जहां हमारे हथियारों के हर हिस्से पर ‘मेड इन इंडिया’ लिखा हो। उत्तर प्रदेश इसमें बड़ी भूमिका निभा रहा है। जल्द ही रूस की मदद से स्थापित एक फैक्ट्री में AK-203 राइफल का उत्पादन शुरू होगा। उत्तर प्रदेश में एक डिफेंस कॉरिडोर भी बनाया जा रहा है। ब्रह्मोस मिसाइल समेत कई हथियारों का उत्पादन शुरू हो चुका है।
