साल 2000 में पहली बार संभाला था बिहार के सीएम का पद, जानिए इसके बाद कब और किसके साथ मिलकर 10वीं बार सत्ता के शीर्ष पर पहुंचे नीतीश कुमार?
पटना। नीतीश कुमार ने बिहार में रिकॉर्ड बना दिया है। नीतीश कुमार बीजेपी के साथ रहकर भी बिहार में सरकार बना चुके हैं और लालू यादव की आरजेडी और कांग्रेस से हाथ मिलाकर भी बिहार की सत्ता के शीर्ष पर कायम रहे। नीतीश कुमार साल 2000 में पहली बार बिहार के सीएम बने थे। उस वक्त संख्याबल साथ न होने के कारण नीतीश कुमार को 7 दिन में ही बिहार का सीएम पद छोड़ना पड़ा था। उसके बाद से नीतीश कुमार बिहार की सरकारों की कमान लगातार संभालते रहे।
साल 2005 में नीतीश कुमार और बीजेपी के बीच गठबंधन था। इस गठबंधन ने बहुमत हासिल किया और बिहार की सत्ता संभाली। फिर साल 2010 में बिहार में विधानसभा चुनाव हुए। उस वक्त भी जेडीयू और बीजेपी का गठबंधन था और एक बार फिर बिहार के सीएम पद पर नीतीश कुमार पहुंचे। पीएम पद के लिए बीजेपी ने नरेंद्र मोदी को अपना चेहरा बनाया, तो 2013 में नीतीश कुमार ने नाता तोड़ लिया। इसके बाद आरजेडी और कांग्रेस के समर्थन से बिहार के सीएम पद पर नीतीश बने रहे। साल 2014 के लोकसभा चुनाव में जेडीयू को सिर्फ 2 सीट मिलीं। इसके बाद नीतीश कुमार ने सीएम पद से इस्तीफा दिया और जीतनराम मांझी को सीएम बनाया।
एक साल तक मांझी बिहार के सीएम रहे और फिर 2015 में नीतीश कुमार एक बार फिर आरजेडी और कांग्रेस का साथ लेकर बिहार के सीएम बने। विपक्ष के साथ गठबंधन कर नीतीश कुमार ने 2015 का बिहार विधानसभा चुनाव जीता और सीएम बने। साल 2017 में नीतीश कुमार ने विपक्ष का साथ छोड़ा और फिर बीजेपी के साथ मिलकर सरकार बनाई। साल 2020 के बिहार विधानसभा चुनाव में नीतीश की जेडीयू और बीजेपी को साधारण बहुमत मिला। नीतीश कुमार फिर सीएम बने। नीतीश कुमार ने जेडीयू में तोड़फोड़ की कोशिश का आरोप लगाकर 2022 में बीजेपी का साथ छोड़ा। वो विपक्ष के गठबंधन में गए, लेकिन 17 महीने बाद 2024 में फिर बीजेपी के साथ आ गए और अब 2025 के बिहार विधानसभा चुनाव में उनकी जेडीयू को 84 सीट मिली है। जबकि, 2020 में जेडीयू को 43 सीट ही मिल सकी थीं।
