कांग्रेस की रैली में पीएम नरेंद्र मोदी के अपमान का मुद्दा संसद में उठाया गया, सोनिया गांधी से माफी की मांग
नई दिल्ली। संसद के दोनों सदनों की कार्यवाही शुरू होते ही आज जबर्दस्त हंगामा देखने को मिला। दरअसल रविवार को दिल्ली में हुई कांग्रेस की रैली में पीएम नरेंद्र मोदी के अपमान का मुद्दा बीजेपी सांसदों ने सदन में उठाया और कांग्रेस तथा सोनिया गांधी से माफी की मांग की। इसको लेकर कांग्रेस सांसदों ने हो हल्ला शुरू कर दिया और सदन की कार्यवाही को कुछ समय के लिए स्थगित करना पड़ा। राज्यसभा में नेता सदन और केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कहा कि कांग्रेस की रैली में मोदी तेरी कब्र खुदेगी, आज नहीं तो कल खुदेगी जैसे नारे कांग्रेस पार्टी की सोच की मानसिकता को दर्शाता है।
नड्डा ने कहा कि इस तरह के नारे नामदारों की झुंझलाहट को स्पष्ट इंगित करता है और साथ में इस तरीके की बात कहना वो भी एक प्रधानमंत्री के खिलाफ और उनकी मृत्यु की कामना करना बहुत ही निंदनीय है। इसके लिए नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और सोनिया गांधी को पूरे देश से माफी मांगनी चाहिए। कांग्रेस पार्टी ने राजनीति का स्तर इतना गिरा दिया है जो कल्पना के बाहर है। दूसरी तरफ लोकसभा में केंद्रीय संसदीय कार्यमंत्री किरेण रिजिजू ने पीएम के अपमान का विरोध करते हुए कहा कि हम एक दूसरे के दुश्मन नहीं, राजनीतिक विरोधी हैं। साल 2014 में बीजेपी के एक सांसद ने विरोधियों के लिए एक गलत शब्द का प्रयोग किया था, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उस सांसद से माफी मांगने को कहा और उन्होंने माफी मांगी क्योंकि हम इस सदन में लोगों के द्वारा चुने गए प्रतिनिधि के रूप में काम करते हैं।
रिजिजू बोले, कल कांग्रेस की रैली में प्रधानमंत्री मोदी की कब्र खोदने की बात कही गई, यह देश के बहुत दुखद समय है कि कांग्रेस पार्टी इस तरह के शब्दों का प्रयोग कर रही है। जबकि उस रैली में कांग्रेस का पूरा नेतृत्व मौजूद था। इस देश के लिए इससे ज्यादा शर्मनाक, इससे ज्यादा दुर्भाग्यपूर्ण कोई चीज नहीं हो सकती। 140 करोड़ लोगों के प्रधानमंत्री, विश्व के सबसे प्रसिद्ध नेता, सबसे मजबूत नेता, मोदी के लिए ऐसे अपशब्दों का प्रयोग कांग्रेस कर रही है। इसके लिए कांग्रेस नेतृत्व को इस सदन के माध्यम से माफी मांगनी चाहिए।
