नोएडा में सॉफ्टवेयर इंजीनियर की मौत मामले में पुलिस का एक्शन, बिल्डर अभय कुमार सिंह गिरफ्तार
नई दिल्ली। नोएडा में सॉफ्टवेयर इंजीनियर युवराज मेहता की मौत मामले में अब पुलिस ने एक्शन लेते हुए बिल्डर अभय कुमार सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। अभय कुमार सिंह एमजेड विसटाउन का मालिक है। इंजीनियर के पिता राजकुमार मेहता की शिकायत पर नॉलेज पार्क थाने में एमजेड विसटाउन और लोटस ग्रीन बिल्डर कंपनी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई थी। वहीं यूपी सीएम योगी आदित्यनाथ के आदेश पर इस केस की जांच के लिए गठित एसआईटी टीम ने आज घटनास्थल का दौरा किया।
मेरठ जोन के एडीजी भानु भास्कर जो एसआईटी टीम के अध्यक्ष हैं वो घटनास्थल पर पहुंचे। इस दौरान नोएडा पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह, ज्वाइंट सीपी राजीव नारायण मिश्र भी उनके साथ मौजूद रहे। इसके अतिरिक्त नोएडा प्राधिकरण में भी संबंधित अधिकारियों से एसआईटी टीम ने पूछताछ की। बता दें कि मेरठ के मंडलायुक्त और पीडब्लूडी के मुख्य अभियंता को भी इस एसआईटी में शामिल किया गया है। योगी आदित्यनाथ ने एसआईटी से पूरे मामले की जांच रिपोर्ट पांच दिन में मांगी है। इससे पहले नोएडा प्राधिकरण के सीईओ एम. लोकेश को कल ही पद से हटा दिया गया था और उनको फिलहाल कोई नई तैनाती नहीं दी गई है। इसके अलावा जूनियर इंजीनियर नवीन कुमार की सेवा तत्काल प्रभाव से पहले ही समाप्त की जा चुकी है।
एसआईटी जांच के दौरान अब केस में लापरवाही बरतने वाले कुछ अन्य लोगों पर भी गाज गिर सकती है। संभवत: कुछ लोगों की गिरफ्तारी भी हो सकती है। आपको बता दें कि गुरुग्राम की एक कंपनी में बतौर सॉफ्टवेयर इंजीनियर कार्यरत युवराज मेहता की 16 जनवरी की देर रात एक हादसे में मौत हो गई थी। युवराज की कार सड़क के किनारे बने एक गहरे गड्ढे में गिर गई थी। इस गड्ढे को एक मॉल की बेसमेंट पार्किंग के लिए खोदा गया था। युवराज के पिता ने अपने बेटे की मौत के लिए प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया है और यह भी दावा किया है कि बचाव दल ने लापरवाही बरती जिस कारण युवराज की मौत हुई।
