विमान हादसों में अब तक देश के इन बड़े नेताओं की जा चुकी है जान
नई दिल्ली। विमान हादसे में महाराष्ट्र के डिप्टी सीएम अजित पवार की मृत्यु से उनके परिवारीजन, प्रशंसक और शुभचिंतक सभी को गहरा आघात पहुंचा है। अजित पवार बारामती में जनसभा को संबोधित करने जा रहे थे तभी उनका विमान लैंडिंग के दौरान क्रैश हो गया। अजित पवार से पहले भी देश के कई बड़े नेता जिनमें कुछ ने मुख्यमंत्री रहते हुए विमान हादसों में अपनी जान गंवाई।
विजय रूपाणी
पिछले साल जून 2025 में अहमदाबाद में एयर इंडिया जो विमान क्रैश हुआ था उसमें गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रुपाणी की मृत्यु हो गई थी।
डोरजी खांडू
2011 में डोरजी खांडू की मृत्यु भी प्लेन हादसे में हुई थी उस वक्त वो अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री थे। तवांग से इटानगर जाते हुए उनका विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया था।
वाई. राजशेखर रेड्डी
आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री वाई. राजशेखर रेड्डी की मृत्यु का कारण भी विमान दुर्घटना था। सितबंर 2009 में उनका हेलीकॉप्टर दुर्घटनाग्रस्त होकर लापता हो गया था। काफी खोजबीन के बाद जंगल में हेलीकॉप्टर का मलबा और उसमें सवार सीएम समेत अन्य लोगों की डेडबॉडी बरामद हुई थी।
गंती मोहना चंद्र बालयोगी
लोकसभा अध्यक्ष पद पर रहते हुए साल 2002 में टीडीपी नेता गंती मोहना चंद्र बालयोगी का निधन भी प्लेन हादसे में ही हुआ था। वो आंध्र प्रदेश में एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे मगर उनका चौपर क्रैश हो गया था।
माधवराव सिंधिया
अपने समय के कांग्रेस के बड़े नेताओं में शुमार रहे माधवराव सिंधिया का निधन भी प्लैन क्रैश हो जाने की वजह से हुआ था। सितंबर 2001 में सिंधिया का विमान यूपी के मैनपुरी के पास दुर्घटनाग्रस्त हुआ था।
संजय गांधी
पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के बेटे संजय गांधी की मृत्यु भी विमान हादसे में हुई थी। जून 1980 में कांग्रेस के तत्कालीन सांसद संजय गांधी का विमान क्रैश हो गया था।
इनके अलावा हरियाणा के तत्कालीन बिजली मंत्री ओपी जिंदल, पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री गुरनाम सिंह, पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेंद्र सिंह समेत गुजरात के दूसरे मुख्यमंत्री बलवंतराय मेहता की जान भी विमान हादसे की वजह से गई थी।
