नई दिल्ली। ब्राजील के राष्ट्रपति चुनाव में लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा की जीत हुई है। 80 वर्षीय लूला दा सिल्वा ने चौथी बार राष्ट्रपति चुनाव जीता है। उन्होंने अपने प्रतिद्वंद्वी फ्लावियो बोल्सोनारो को लगभग 44 लाख वोटों के बड़े अंतर से हराया है। फ्लावियो को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का करीबी माना जाता है जबकि लूला ट्रंप की तमाम नीतियों के मुखर विरोधी रहे हैं। लूला दा सिल्वा ने इससे पहले 2022 के राष्ट्रपति चुनाव में फ्लावियो के पिता और ब्राजील के पूर्व राष्ट्रपति जायर बोल्सोनारो को भी शिकस्त दी थी। भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लूला दा सिल्वा को जीत की बधाई दी है।
वहीं लूला दा सिल्वा ने अपनी इस बड़ी जीत के बाद बिना नाम लिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि ब्राजील किसी की बपौती नहीं है जो किसी दूसरे देश के इशारे पर काम करे। लूला ने कहा कि ब्राजील के लोगों ने देश के लोकतंत्र बचाने के लिए अपना वोट दिया है। उन्होंने सरकार के फैसलों में लोगों की भागीदारी को बढ़ाए जाने की बात कही है। वहीं, पीएम नरेंद्र मोदी ने अपने शुभकामना संदेश में लिखा, मेरे प्यारे दोस्त, राष्ट्रपति लूला को उनके फिर से निर्वाचित पर हार्दिक बधाई। मैं भारत-ब्राजील की बहुआयामी रणनीतिक साझेदारी को और गहरा तथा व्यापक बनाने के लिए उनके साथ मिलकर काम करने को उत्सुक हूं। हम साथ मिलकर विभिन्न क्षेत्रों में अपने सहयोग को मजबूत करना जारी रखेंगे, ‘ग्लोबल साउथ’ की साझा प्राथमिकताओं को आगे बढ़ाएंगे, और एक अधिक समावेशी, न्यायसंगत तथा टिकाऊ दुनिया के निर्माण की दिशा में काम करेंगे।
आपको बता दें कि पिछले साल अमेरिका ने ब्राजील पर 50 फीसदी का भारी भरकम टैरिफ थोपा था। इसके बाद ट्रंप ने यह बयान दिया था कि टैरिफ के मुद्दे पर लूला कभी भी मुझसे फोन पर बात कर सकते हैं। हालांकि लूला ने जवाब देते हुए कहा था कि वो इस मामले में भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से बात करेंगे लेकिन ट्रंप को फोन नहीं करेंगे।
