वक्फ एक्ट पर बनाई संयुक्त संसदीय समिति, स्पीकर ओम बिरला ने 31 सांसदों को किया नामित, जानिए किस-किसको मिली जगह
नई दिल्ली। लोकसभा के स्पीकर ने वक्फ एक्ट संशोधन विधेयक पर विचार करने के लिए एक नई संयुक्त संसदीय समिति (JPC) का गठन किया है। इस समिति में 31 सांसद शामिल होंगे, जिनमें लोकसभा के 21 और राज्यसभा के 10 सांसद हैं। इस JPC का उद्देश्य वक्फ एक्ट में प्रस्तावित संशोधनों की समीक्षा करना और यह तय करना है कि इनमें से कौन-कौन से परिवर्तन उचित हैं। समिति में विभिन्न दलों के प्रतिनिधि शामिल होंगे, जिनमें प्रमुख नाम एआईएमआईएम के असदुद्दीन ओवैसी और कांग्रेस के इमरान मसूद भी हैं। समिति में सत्ताधारी और विपक्षी दोनों पक्षों का प्रतिनिधित्व होगा, जो वक्फ एक्ट पर विस्तृत और निष्पक्ष विचार-विमर्श सुनिश्चित करेगा।
| House | Party | Name |
|---|---|---|
| Lok Sabha | BJP | जगदंबिका पाल |
| Lok Sabha | BJP | निशिकांत दुबे |
| Lok Sabha | BJP | तेजस्वी सूर्या |
| Lok Sabha | BJP | अपराजिता सारंगी |
| Lok Sabha | BJP | संजय जयसवाल |
| Lok Sabha | BJP | दिलीप सैकिया |
| Lok Sabha | BJP | अभिजीत गंगोपाध्याय |
| Lok Sabha | BJP | डीके अरुणा |
| Lok Sabha | Congress | गौरव गोगोई |
| Lok Sabha | Congress | इमरान मसूद |
| Lok Sabha | Congress | मोहम्मद जावेद |
| Lok Sabha | Samajwadi Party | मौलाना मोहिबुल्ला नदवी |
| Lok Sabha | TMC | कल्याण बनर्जी |
| Lok Sabha | DMK | ए. राजा |
| Lok Sabha | TDP | लावू श्रीकृष्णा |
| Lok Sabha | JDU | दिलेश्वर कामत |
| Lok Sabha | ShivSena-UBT | अरविंद सावंत |
| Lok Sabha | NCP-SP | सुरेश गोपीनाथ महत्रे |
| Lok Sabha | ShivSena | नरेश गणपत म्हास्के |
| Lok Sabha | LJP-Ram Vilas | अरुण भारती |
| Lok Sabha | AIMIM | असदुद्दीन औवैसी |
वक्फ एक्ट पर JPC की भूमिका
वक्फ एक्ट संशोधन विधेयक को लेकर इस JPC का गठन किया गया है, जिसका मुख्य उद्देश्य यह निर्धारित करना है कि वक्फ एक्ट में प्रस्तावित बदलाव सही हैं या नहीं। समिति अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंपेगी, लेकिन यह जरूरी नहीं कि सरकार इस रिपोर्ट की सिफारिशों को स्वीकार करे। हालांकि, यह समिति वक्फ एक्ट के विभिन्न पहलुओं की गहन समीक्षा करेगी और सिफारिशें पेश करेगी। राज्यसभा ने वक्फ संशोधन विधेयक पर विचार करने के लिए 10 सदस्य नामित करने की अनुशंसा की है। इसमें भारतीय जनता पार्टी के आठ और कांग्रेस के तीन सांसद शामिल होंगे। संसदीय कार्य और अल्पसंख्यक कार्य मंत्री किरेन रीजीजू ने इस प्रस्ताव को सदन में पेश किया, जिसे ध्वनिमत से मंजूरी दे दी गई।
