गृहमंत्री अमित शाह समेत कई नेताओं पर खालिस्तान समर्थक अमृतपाल सिंह के समर्थकों ने हमले की रची साजिश!, लीक वाट्सएप चैट से खुलासा
चंडीगढ़। असम की डिब्रूगढ़ जेल में बंद खालिस्तान समर्थक अमृतपाल सिंह के गुर्गों ने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह, रवनीत सिंह बिट्टू और शिरोमणि अकाली दल के बिक्रम सिंह मजीठिया पर हमले की योजना बनाई थी! ये खुलासा ‘वारिस पंजाब दे टीम’ नाम के वाट्सएप ग्रुप का चैट लीक होने से हुआ है। पंजाब पुलिस ने इस मामले में मोगा से बलकार सिंह और एक नाबालिग को गिरफ्तार किया है। पंजाब पुलिस के मुताबिक नेताओं पर हमले की साजिश रचने वालों में बठिंडा का लखदीप सिंह सरदारगढ़ भी है।
बिक्रम सिंह मजीठिया ने इस खुलासे के बाद एनआईए जांच की मांग की है। मजीठिया ने अमृतपाल सिंह के कथित ऑडियो क्लिप भी जारी किए हैं। जिनमें राजनीतिक साठ-गांठ, लूट के माल और गैंगस्टरों से संबंधों के बारे में बात है। पुलिस सूत्रों के हवाले से मीडिया में आई खबरों के मुताबिक वारिस पंजाब दे टीम के नाम से वाट्सएप ग्रुप बनाने वाले अमृतपाल सिंह के ही समर्थक हैं। बता दें कि अमृतपाल सिंह वारिस पंजाब दे नाम के संगठन का ही मुखिया बन गया था। दीप सिद्धू ने साल 2021 में वारिस पंजाब दे नाम का संगठन बनाया था। ताकि पंजाब के हक के लिए आवाज उठाई जा सके। दीप सिद्धू की हादसे में मौत के बाद विदेश से लौटा अमृतपाल सिंह वारिस पंजाब दे का मुखिया बन बैठा।
बीते दिनों ही जानकारी मिली थी कि पंजाब सरकार ने अमृतसर के डीसी की रिपोर्ट पर अमृतपाल सिंह के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून यानी एनएसए एक साल के लिए बढ़ा दिया। अमृतपाल सिंह के करीबी पप्पलप्रीत सिंह और अन्य साथियों को पंजाब पुलिस असम की डिब्रूगढ़ जेल से लाकर पंजाब की जेल में बंद कर चुकी है। अब ताजा वाट्सएप चैट में अमित शाह और अन्य नेताओं पर हमले की साजिश का खुलासा होने से अमृतपाल सिंह और उसके साथियों के लिए दिक्कत बढ़ सकती है। बता दें कि गिरफ्तार होने से पहले भी अमृतपाल सिंह ने केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह को धमकी दी थी। जिसके बाद ही पंजाब पुलिस ने अजनाला थाने पर हमला कर पप्पलप्रीत को छुड़ाए जाने के मामले में खालिस्तान समर्थक अमृतपाल सिंह के खिलाफ अभियान छेड़ा था।
