दिल्ली ब्लास्ट केस से जुड़े आतंकी दानिश के फोन डेटा से मिले कुछ अहम सबूत, एनआईए कर रही पड़ताल
नई दिल्ली। दिल्ली ब्लास्ट से जुड़े मामले में जम्मू कश्मीर से गिरफ्तार आतंकी दानिश उर्फ जसीर बिलाल वानी के फोन डेटा को रिकवर करने के बाद उसमें से चौंकाने वाली जानकारी मिली है। उसके फोन से ड्रोन की कई फोटो और रॉकेट लॉन्चर की बहुत सी तस्वीरें मिली हैं। इस बात का भी खुलासा हुआ है कि दानिश को ड्रोन और रॉकेट लॉन्चर के वीडियो और अन्य उनसे जुड़ी अन्य जानकारी एक खास ऐप के जरिए भेजी गई थी। एनआईए को इस ऐप से लिंक कई विदेशी नंबर भी मिले हैं, जिनकी जांच कराई जा रही है।
फोन से मिली डिटेल को देखकर यह पता चलता है कि आतंकी दानिश ड्रोन से संबंधित जानकारी इकट्ठा कर रहा था। वहीं एनआईए की पूछताछ में दानिश ने इस बात को कबूल किया है कि वो ड्रोन बनाने की फिराक में था। ब्लास्ट से जुड़े आतंकियों की प्लानिंग ऐसा हल्का ड्रोन बनाने की थी जिसके जरिए 25 किलोमीटर की दूरी तक हमला किया जा सके। इससे पहले जब दानिश को 17 नवंबर को गिरफ्तार किया गया था तब भी जांच में पता चला था कि ब्लास्ट से जुड़े आतंकी ड्रोन को मॉडिफाई करके उनका इस्तेमाल हथियार की तरह करने की प्लानिंग में लगे थे। दरअसल वो हमास की तर्ज पर अलग अलग जगहों को मॉडिफाई ड्रोन के जरिए निशाना बनाना चाहते थे।
ड्रोन में विस्फोटक कैसे फिट करें, उसे मॉडिफाई कैसे करें दानिश इस पर काम कर रहा था। सूत्रों के मुताबिक दानिश दिल्ली ब्लास्ट को अंजाम देने वाले आतंकी डॉ. उमर का बहुत ही खास था और वो उमर को टेक्निकल तौर पर मदद कर रहा था। ऐसा भी दावा किया जा रहा है उमर दानिश को सुसाइड बॉम्बर बनाना चाहता था। फिलहाल इस पूरे मामले की तफ्तीश जारी है। दानिश किन विदेशी आतंकियों के संपर्क में था उसकी भी पड़ताल चल रही है, जल्द ही इस केस से जुड़ी कुछ और जानकारियां सामने आ सकती हैं।
