यूपी की फाइनल वोटर लिस्ट 10 अप्रैल को आएगी, राज्य में इतनी होगी वोटरों की संख्या
लखनऊ। चुनाव आयोग ने बीते दिनों 9 राज्यों और 3 केंद्र शासित प्रदेशों में एसआईआर यानी वोटरों का विशेष गहन पुनरीक्षण कराया था। इन राज्यों में यूपी भी था। एसआईआर के बाद आई ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में यूपी के 2.89 करोड़ लोगों के नाम काटे गए थे। यूपी में चुनाव आयोग 10 अप्रैल को फाइनल ड्राफ्ट वोटर लिस्ट जारी करने वाला है। चैनल न्यूज18 ने बताया है कि फाइनल वोटर लिस्ट में करीब 13.25 करोड़ वोटरों के नाम होंगे। एसआईआर से पहले यूपी में 15.44 करोड़ वोटर थे। यूपी में अगले साल यानी 2027 में विधानसभा चुनाव होने हैं। एसआईआर में बड़ी तादाद में नाम कटने का इन चुनावों में असर दिखने के आसार हैं।
एसआईआर के बाद ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में 12.55 करोड़ वोटर के नाम बचे थे। वहीं, यूपी के 3.26 करोड़ वोटरों को चुनाव आयोग ने नोटिस भेजकर सुनवाई की। खबर के मुताबिक यूपी के 86.69 लाख लोगों ने वोटर लिस्ट में नाम जोड़ने के लिए आवेदन दिया था। वहीं, राजनीतिक दलों ने 92 मामलों में शिकायतें दर्ज कराईं। इन सभी शिकायतों का चुनाव आयोग ने निस्तारण कर दिया है। बाकी लंबित दावों और आपत्तियों का निपटारा 27 मार्च तक पूरा किया जाना है। संविधान के अनुच्छेद 326 के तहत मिले अधिकारों से चुनाव आयोग एसआईआर करा रहा है। चुनाव आयोग का कहना है कि उसका इरादा वोटर लिस्ट से गैर भारतीय नागरिकों को बाहर करना है।
चुनाव आयोग ने सबसे पहले बिहार विधानसभा चुनाव से पहले वहां एसआईआर कराया था। इसके बाद यूपी, पश्चिम बंगाल, केरल, तमिलनाडु, पुदुचेरी, गोवा, गुजरात, मध्य प्रदेश, अंडमान और निकोबार व लक्षद्वीप में एसआईआर कराया गया। चुनाव आयोग ने एलान किया है कि अप्रैल में बाकी बचे राज्यों और केंद्र शासित क्षेत्रों में एसआईआर कराया जाएगा। चुनाव आयोग का इरादा इस साल के अंत से पहले सभी राज्यों में वोटर लिस्ट को शुद्ध करना है। एसआईआर पर पश्चिम बंगाल में सियासत गर्माई हुई है। जबकि, बाकी राज्यों में इस पर कोई हंगामा नहीं मचा।
