ईरान ने अमेरिका को भेजा 14 शर्तों वाला नया प्रस्ताव, ट्रंप बोले- अगर कोई गलत हरकत की तो…
तेहरान/वॉशिंगटन। ईरान ने एक बार फिर अमेरिका को शांति के लिए प्रस्ताव दिया है। वहीं, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को सैन्य कार्रवाई की चेतावनी दी है। ट्रंप ने ये भी कहा है कि वो ईरान के ताजा प्रस्तावों की समीक्षा करेंगे। इससे ईरान और अमेरिका के बीच तनाव फिलहाल बना हुआ है। ईरान ने इससे पहले अमेरिका को दो और शांति प्रस्ताव भेजे थे, लेकिन ट्रंप ने उनको खारिज कर दिया था।
ईरान की तस्नीम न्यूज के मुताबिक पाकिस्तान के जरिए अमेरिका को भेजे गए 14 सूत्रीय प्रस्ताव में सीजफायर की जगह 30 दिन में युद्ध को पूरी तरह खत्म करने, सैन्य हमले न किए जाने की गारंटी, अमेरिकी सेना की खाड़ी से वापसी का प्रस्ताव है। इसके अलावा अमेरिका को भेजे प्रस्ताव में ईरान ने होर्मुज की नाकेबंदी खत्म करने, खुद पर लगे प्रतिबंध हटाने, जब्त की गई संपत्तियों को वापस करने और युद्ध का मुआवजा देने की शर्तें रखी हैं। ईरान ने लेबनान समेत सभी मोर्चों पर जंग खत्म करने और होर्मुज से जहाजों के आने-जाने का नया मैकेनिज्म बनाने की शर्त भी रखी है। अमेरिका ने अगर ईरान के इन प्रस्तावों को माना, तो दोनों देश फिर बातचीत कर सकते हैं।
वहीं, ट्रंप ने फ्लोरिडा में कहा कि ईरान के प्रस्ताव की समीक्षा करेंगे, लेकिन लगता नहीं कि ये प्रस्ताव माने जा सकते हैं। उन्होंने कहा कि ईरान की तरफ से 14 शर्तों वाले प्रस्ताव का विस्तृत रूप में इंतजार कर रहे हैं। ट्रंप ने कहा कि ईरान ने बीते 47 साल के अपने काम की पर्याप्त कीमत नहीं चुकाई है। ट्रंप ने फिर चेतावनी दी और कहा कि अगर ईरान ने कोई गलत हरकत की, तो फिर सैन्य कार्रवाई हो सकती है। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका की स्थिति मजबूत है और ईरान कमजोर पड़ चुका है। इस वजह से ईरान समझौता करना चाहता है। ट्रंप ने होर्मुज की नाकेबंदी खत्म करने के बारे में कुछ नहीं कहा है। जबकि, इससे दुनिया के तमाम देशों के सामने ऊर्जा संकट पैदा हो गया है।
अमेरिका और इजरायल ने 28 फरवरी को ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई शुरू की थी। पहले ही दिन हमले में ईरान के तत्कालीन सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई की मौत हुई थी। इसके बाद ईरान ने भी जोरदार पलटवार कर खाड़ी देशों के तेल और गैस प्रतिष्ठानों के साथ वहां अमेरिका के सैन्य अड्डों पर बड़े हमले किए थे। ईरान ने इजरायल पर भी मिसाइलों और ड्रोन की बारिश की थी। इससे काफी तबाही मची थी। लगातार 39 दिन तक दोनों पक्षों में युद्ध चलता रहा था। जिसके बाद ट्रंप ने एकतरफा सीजफायर का एलान किया था। फिर इस सीजफायर को ट्रंप ने बीते दिनों बढ़ाने का एलान किया। वहीं, ईरान का कहना है कि वो फिर युद्ध के लिए तैयार है और झुकेगा नहीं।
