राजधानी दिल्ली में गूंजी सर्व भारतीय सांस्कृतिक उत्सव का भव्य आगाज।
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सुजाता मेहेर
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नई न्दिल्ली । राजधानी दिल्ली स्थित आंध्रा भवन की डॉक्टर बी आर अंबेडकर ऑडिटोरियम में तारा आर्ट्स अकैडमी, हैदराबाद, तेलंगाना की प्रतिष्ठाता श्री शानके राजेश जी के परिचालन से सर्व भारतीय सांस्कृतिक उत्सव 2026 का भव्य आयोजन किया गया। इस उत्सव में भारत की विभिन्न सांस्कृतिक और आध्यात्मिक परंपराओं का अद्भुत नजारा देखने को मिला था। युवा पीढ़ी को शास्त्रीय नृत्य शैलियों से जोड़ना, युव प्रतिभाओं को मंच प्रदान करना और सांस्कृतिक जागरूकता फैलाना इस उत्सव का मुख्य उद्देश्य था।
भारतीय शास्त्रीय नृत्य की समृद्ध परंपरा को समर्पित इस उत्सव में मुख्य अतिथि की तौर पर श्रीमती रोजा रमनी जी जो एक प्रसिद्ध अभिनेत्री हैं और सम्मानित अतिथि के तौर पर हैदराबाद की प्रसिद्ध नाट्य गुरु नाट्य कला मयूरी डॉक्टर आर प्रसन्न रानी जी ने योगदान करके इस कार्यक्रम को अत्यंत आकर्षित बनाया था। इस प्रसिद्ध नृत्य उत्सव में तनिमा डांस टृप नोएडा की प्रतिष्ठता गुरु श्रीमती तनीमा घोष और उनके नृत्य अनुष्ठान के कलाकारों द्वारा बहुत ही सुंदर और मनभावक प्रदर्शन का नजारा देखने को मिला था। इस मंच पर तनीमा डांस टृप के कलाकारों ने पहली बार मटकी के ऊपर भरतनाट्यम नृत्य की प्रस्तुति दिखाई जो गुरु श्रीमती तनीमा घोष जी की द्वारा कोरियोग्राफी की गई थी।
यह प्रदर्शन दर्शकों को मंत्र मुग्ध कर दिया था। इस प्रस्तुति में कलाकार श्रीजनी और सिंजनी ने कमाल का प्रदर्शन किया जिससे दर्शक भावुक हो गए।इस कार्यक्रम में कलाकार अंशिका यादव ने पुष्पांजलि के ऊपर नृत्य प्रदर्शन कर के कार्यक्रम की शुरुवात की।सृष्टि अग्रवाल और अनीका वर्मा के द्वारा पेश किया गया था कृष्णा बाल गोपाल रूप का नृत्य प्रदर्शन।वैभवी प्रधान, आयुषी कटरा, आशरीया और आयुषी ने किया कृष्ण कला पन्ना का भव्य ⁷प्रदर्शन।आराध्या त्रिपाठी ने दिखाया राधा कृष्ण बिरह और माहिका खन्ना ने खेली गोपियों के साथ रासलीला।
कार्यक्रम में जानवी खत्री, गौतमी महाला,सीयोना राजल ने श्री रवींद्रनाथ टैगोर के जन्म दिवस के अवसर पर नृत्य प्रदर्शन किया और अक्षिता, माईरा मनचंदा, रिया, वानीआ, अद्विका, नितारा मिश्रा ने शिव स्तुति के ऊपर अपना भव्य प्रदर्शन प्रदर्शित किया। प्रत्येक प्रस्तुति के बाद दर्शकों ने तालियो की गड़गड़ाहट से कलाकारों का उत्साह बढ़ाया। कार्यक्रम की अंत में सारे कलाकारों को नाट्य किनृनेरा नेशनल अवार्ड प्रदान किया गया और उपस्थित गुरुओं को गुरु वाचस्पति अवार्ड से सम्मानित किया गया। सर्व भारतीय सांस्कृतिक उत्सव का यह समारोह सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
